Madhya Pradesh News: उत्तर प्रदेश के नदना गांव का निवासी एक युवक मध्य प्रदेश में शादी समारोह के दौरान हिंसक हमले का शिकार हो गया। मंगलवार रात खमारडीह गांव में बारात के दौरान डीजे पर गाना बजाने को लेकर शुरू हुआ मामूली विवाद जानलेवा संघर्ष में बदल गया। आरोप है कि बारातियों ने 21 वर्षीय शीतला प्रसाद पर घातक हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। हमलावरों ने युवक को डीजे ऑपरेटर समझकर उसके सिर पर भारी वस्तु से प्रहार किया, जिससे उसका सिर फट गया।
फरमाइशी गाने के चक्कर में बारातियों ने खोया आपा
प्राप्त जानकारी के अनुसार, शीतला प्रसाद अपने परिचित की बारात में शामिल होने के लिए मध्य प्रदेश के खमारडीह गया था। बारात में संगीत के दौरान कुछ बारातियों ने अपनी पसंद का गाना बजाने की मांग की, जिसे लेकर शीतला के साथ उनकी कहासुनी हो गई। विवाद इतना बढ़ा कि उत्तेजित बारातियों ने रसोई में इस्तेमाल होने वाले चूल्हे के लोहे या भारी हिस्से से शीतला के सिर पर वार कर दिया। इस अचानक हुए हमले से युवक लहूलुहान होकर वहीं गिर पड़ा और मौके पर अफरा-तफरी मच गई।
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र हलिया में उपचार जारी
घटना के तुरंत बाद शीतला के परिजनों और स्थानीय लोगों ने उसे आनन-फानन में हलिया स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया। वहां तैनात चिकित्सक आलोक यादव की देखरेख में युवक का इलाज किया जा रहा है। चिकित्सा विभाग के सूत्रों के मुताबिक, युवक के सिर में आई चोट काफी गहरी है और उसकी स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। इस हिंसक घटना के बाद घायल युवक के परिवार में गहरा आक्रोश व्याप्त है और उन्होंने आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
पुलिस ने शुरू की आरोपियों की तलाश
इस मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने घटनास्थल का मुआयना किया और चश्मदीदों के बयान दर्ज किए हैं। पुलिस सूत्रों का कहना है कि विवाद की शुरुआत महज एक फरमाइशी गाने को लेकर हुई थी, जो इतनी बड़ी वारदात में तब्दील हो गई। पुलिस अब उन बारातियों की पहचान करने में जुटी है जिन्होंने कानून को अपने हाथ में लिया और युवक पर हमला किया। अधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि दोषियों को जल्द गिरफ्तार कर उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
सामाजिक सद्भाव पर भारी पड़ती हिंसक प्रवृत्तियां
शादी-विवाह जैसे मांगलिक आयोजनों में बढ़ती हिंसा और असहिष्णुता की यह घटना समाज के लिए चिंता का विषय बन गई है। स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि छोटी-छोटी बातों पर इस तरह का जानलेवा हमला सामाजिक समरसता के लिए बड़ा खतरा है। इस घटना ने नदना गांव के लोगों को झकझोर कर रख दिया है, जो अब बारात जैसे सार्वजनिक समारोहों में सुरक्षा को लेकर सशंकित हैं। लोगों का मानना है कि ऐसे मामलों में पुलिस की त्वरित और कठोर कार्रवाई ही भविष्य में ऐसी घटनाओं पर लगाम लगा सकती है।


