Ramgarh News: झारखंड के रामगढ़ में सिविल कोर्ट ने एक अहम फैसला सुनाया है। अदालत ने रक्षा मंत्रालय से जुड़ी संपत्ति को कुर्क करने का सख्त आदेश जारी किया है। यह मामला भूमि अधिग्रहण के पुराने मुआवजे से सीधे तौर पर जुड़ा है। कोर्ट के मुताबिक करीब 1.42 करोड़ रुपए की बड़ी राशि का भुगतान लंबे समय से अटका है। सिविल जज शिवेन्दु द्विवेदी की विशेष अदालत ने यह निर्देश दिया है। इस आदेश से महकमे में हलचल है।
मुआवजे के भुगतान में देरी का असर
यह फैसला लैंड रेफरेंस केस संख्या 26/1990 और लैंड एग्जीक्यूशन केस संख्या 1/2005 के तहत सुनाया गया है। साल 2004 में अदालत ने याचिकाकर्ताओं के पक्ष में एक अवार्ड पारित किया था। इस आदेश में मूल मुआवजा राशि के साथ पंद्रह प्रतिशत वार्षिक ब्याज का भुगतान होना था। समय बीतने के बावजूद कुल 1,42,20,809.48 रुपए की बड़ी रकम नहीं चुकाई गई है। इसलिए जज ने यह कड़ा कानूनी कदम उठाया है।
पंजाब रेजिमेंट सेंटर की संपत्ति होगी कुर्क
न्यायालय ने बैलिफ़ को रामगढ़ कैंट स्थित पंजाब रेजिमेंट सेंटर (पीआरसी) की चल संपत्ति कुर्क करने का स्पष्ट निर्देश दिया है। यह विवादित भूमि रामगढ़ जिले के बुजुर्ग जमीरा और पोछरा गांवों में स्थित है। कोर्ट ने कहा है कि जब तक बकाया राशि और कुर्की खर्च का पूरा भुगतान नहीं होता, संपत्ति कुर्क रहेगी। बैलिफ़ को इस आदेश के निष्पादन की विस्तृत रिपोर्ट 14 मई 2026 तक न्यायालय में अनिवार्य रूप से प्रस्तुत करनी होगी।


