Himachal News: नगर निगम अब शहरवासियों की रोजमर्रा की परेशानियों को दूर करने के लिए एक हाईटेक समाधान लेकर आ रहा है। अब प्लंबर, इलेक्ट्रीशियन और कारपेंटर जैसी आवश्यक सेवाएं मात्र एक क्लिक पर आपके दरवाजे पर उपलब्ध होंगी। इसके लिए निगम एक विशेष मोबाइल ऐप विकसित कर रहा है। इसमें 15 से अधिक नागरिक सेवाओं को शामिल करने की योजना है। इस डिजिटल पहल से लोगों को कुशल कारीगर ढूंढने के लिए अब भटकना नहीं पड़ेगा।
नगर निगम इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट के लिए आईटी विभाग के साथ मिलकर काम कर रहा है। अधिकारियों के मुताबिक अगले तीन महीने के भीतर इस मोबाइल ऐप को लॉन्च कर दिया जाएगा। इस सेवा की सबसे बड़ी विशेषता इसकी किफायती दरें होंगी। आम जनता को बाजार के मुकाबले सस्ती दरों पर गुणवत्तापूर्ण सेवाएं मिलेंगी। भुगतान की प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी बनाया गया है। काम के बदले दिया जाने वाला पैसा सीधे नगर निगम के खाते में जमा होगा।
इन 15 से ज्यादा सेवाओं का मिलेगा लाभ, सीधे निगम रखेगा भुगतान पर नजर
इस ऐप के जरिए इलेक्ट्रीशियन, प्लंबर और वेल्डर के अलावा पेंटर, कारपेंटर और स्वीपर की सेवाएं भी मिलेंगी। निगम इसमें ब्यूटीशियन, टूरिस्ट गाइड और टिफिन सर्विस जैसी आधुनिक सुविधाओं को भी जोड़ने जा रहा है। वर्तमान में शहर में ऐसा कोई संगठित प्लेटफॉर्म नहीं है जहां ये सभी सेवाएं एक साथ उपलब्ध हों। नगर निगम के अतिरिक्त आयुक्त डॉ. भुवन शर्मा ने बताया कि इस ऐप का मुख्य उद्देश्य जनता को त्वरित और विश्वसनीय सेवा प्रदान करना है।
निगम का यह नया सिस्टम भुगतान सुरक्षा की गारंटी भी देता है। उपभोक्ता द्वारा दिया गया पैसा पहले निगम के पास जाएगा। इसके बाद निगम संतोषजनक काम होने पर संबंधित कारीगर को भुगतान जारी करेगा। इससे धोखाधड़ी की गुंजाइश खत्म हो जाएगी। पहले भी स्मार्ट सिटी मिशन के तहत ‘माई सिटी ऐप’ जैसी कोशिशें हुई थीं, लेकिन वे सफल नहीं रहीं। साल 2015 की हेल्पलाइन सेवा भी तकनीकी कारणों से बंद हो गई थी, जिससे सबक लेते हुए नया ऐप बनाया जा रहा है।
शहर की जनता लंबे समय से एक ऐसी विश्वसनीय व्यवस्था की मांग कर रही थी। निगम का मानना है कि इस पहल से दोतरफा लाभ होगा। एक तरफ नागरिकों को घर बैठे जरूरी सुविधाएं मिलेंगी। दूसरी तरफ शहर के कुशल कारीगरों और युवाओं को रोजगार के नए अवसर प्राप्त होंगे। निगम ऐप में केवल उन्हीं सर्विस प्रोवाइडर्स को पंजीकृत करेगा जो समय पर सेवा देने में सक्षम होंगे। इससे शहर के असंगठित लेबर मार्केट को एक नई और सुरक्षित दिशा मिलेगी।

