Mumbai News: अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम के बेहद करीबी सहयोगी और कुख्यात ड्रग तस्कर मोहम्मद सलीम डोला को बुधवार शाम मुंबई लाया गया। नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) की एक विशेष टीम कड़ी सुरक्षा के बीच उसे दिल्ली से मुंबई लेकर पहुंची। यह कार्रवाई दिल्ली की एक अदालत द्वारा डोला की दो दिनों की ट्रांजिट रिमांड मंजूर किए जाने के ठीक एक दिन बाद हुई है। सलीम डोला की गिरफ्तारी को मादक पदार्थों के अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क के खिलाफ एक बड़ी सफलता माना जा रहा है।
एयरपोर्ट पर सुरक्षा का कड़ा पहरा
छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के टर्मिनल 2 पर डोला के उतरते ही सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद कर दी गई थी। एनसीबी के अधिकारियों ने भारी पुलिस बल और मीडिया कर्मियों की मौजूदगी के बीच उसे सुरक्षित बाहर निकाला। हवाई अड्डे से उसे सीधे दक्षिण मुंबई स्थित एनसीबी के क्षेत्रीय कार्यालय ले जाया गया है। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, सलीम डोला को गुरुवार को मुंबई की संबंधित अदालत के समक्ष पेश किया जाएगा, जहां एजेंसी उसकी आगे की कस्टडी की मांग करेगी।
इंटरपोल के रेड नोटिस पर तुर्किये में गिरफ्तारी
मोहम्मद सलीम डोला की गिरफ्तारी के पीछे एक लंबा अंतरराष्ट्रीय ऑपरेशन शामिल है। भारत सरकार के अनुरोध पर उसके खिलाफ मार्च 2024 में इंटरपोल ने रेड कॉर्नर नोटिस जारी किया था। इसी आधार पर उसे तुर्किये में सुरक्षा एजेंसियों ने धर दबोचा था। डोला भारत में मादक पदार्थों की तस्करी और संगठित अपराध के कई गंभीर मामलों में लंबे समय से वांछित था। उसे मंगलवार को तुर्किये से दिल्ली लाया गया था, जहां शुरुआती कानूनी कार्यवाही पूरी की गई।
अंडरवर्ल्ड और ड्रग्स सिंडिकेट का अहम मोहरा
सलीम डोला केवल एक ड्रग तस्कर नहीं है, बल्कि उसे दाऊद इब्राहिम के डी-कंपनी (D-Company) सिंडिकेट का एक महत्वपूर्ण स्तंभ माना जाता है। जांच एजेंसियों का मानना है कि डोला खाड़ी देशों और यूरोप से ड्रग्स की सप्लाई चेन को नियंत्रित करता था। उससे होने वाली पूछताछ में मुंबई और दिल्ली सहित देश के कई अन्य हिस्सों में सक्रिय ड्रग नेटवर्क के बारे में चौंकाने वाले खुलासे होने की उम्मीद है। एनसीबी अब उसके स्थानीय संपर्कों और वित्तीय लेन-देन की गहन जांच कर रही है।


