Bihar News: बिहार की राजधानी पटना के ऐतिहासिक गांधी मैदान में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के मंत्रिमंडल का भव्य विस्तार हुआ। इस समारोह में कुल 32 मंत्रियों ने पद और गोपनीयता की शपथ ली। राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (रिटायर्ड) सैयद अता हसनैन ने सभी नए मंत्रियों को शपथ दिलाई। इस गौरवशाली अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह मौजूद रहे। साथ ही भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन और जदयू अध्यक्ष नीतीश कुमार ने भी कार्यक्रम में शिरकत की।
शपथ ग्रहण समारोह में उमड़ा जनसैलाब और दिग्गज नेता
मंत्रिमंडल विस्तार के दौरान गांधी मैदान में समर्थकों का भारी हुजूम देखने को मिला। प्रधानमंत्री की उपस्थिति ने इस कार्यक्रम को राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का केंद्र बना दिया। शासन प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए थे। नई सरकार में अनुभवी और युवा चेहरों के संगम पर विशेष ध्यान दिया गया है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने अपनी नई टीम के साथ बिहार के विकास को नई गति देने का संकल्प दोहराया है।
इन प्रमुख नेताओं ने ली मंत्री पद की शपथ
- श्रवण कुमार
- विजय कुमार सिन्हा
- दिलीप कुमार जायसवाल
- निशांत कुमार
- लेसी सिंह
- रामकृपाल यादव
- नीतीश मिश्रा
- दामोदर रावत
- संजय सिंह टाइगर
- अशोक चौधरी
- भगवान सिंह कुशवाहा
- अरुण शंकर प्रसाद
- मदन सहनी
- संतोष कुमार सुमन
- रमा निषाद
- रत्नेश सदा
- कुमार शैलेंद्र
- शीला कुमारी
- केदार प्रसाद गुप्ता
- लखेंद्र कुमार रौशन
- सुनील कुमार
- श्रेयसी सिंह
- जमा खान
- नंद किशोर राम
- शैलेश कुमार उर्फ बुलो मंडल
- प्रमोद कुमार
- श्वेता गुप्ता
- मिथिलेश तिवारी
- रामचंद्र प्रसाद
- संजय कुमार सिंह
- संजय कुमार
- दीपक प्रकाश
एनडीए गठबंधन की मजबूती और मिशन 2026
इस विस्तार के जरिए एनडीए गठबंधन ने बिहार में अपनी एकजुटता का प्रदर्शन किया है। भाजपा और जदयू के प्रमुख नेताओं को मंत्रिमंडल में शामिल कर सामाजिक संतुलन साधने की कोशिश की गई है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि यह टीम आगामी चुनौतियों और विकास योजनाओं को धरातल पर उतारने में सक्षम होगी। शपथ ग्रहण के बाद सभी मंत्रियों को उनके विभागों का बंटवारा जल्द ही कर दिया जाएगा।
प्रधानमंत्री की मौजूदगी और कूटनीतिक संकेत
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पटना पहुंचना और शपथ ग्रहण में शामिल होना राज्य के प्रति केंद्र की गंभीरता दर्शाता है। समारोह के दौरान पीएम मोदी और नीतीश कुमार के बीच हुई बातचीत ने भी सबका ध्यान खींचा। विशेषज्ञों के अनुसार, केंद्र और राज्य का यह समन्वय बिहार की बुनियादी परियोजनाओं के लिए मील का पत्थर साबित होगा। गांधी मैदान का यह कार्यक्रम राज्य की राजनीति में एक नए अध्याय की शुरुआत माना जा रहा है।
जनता की अपेक्षाएं और नई कैबिनेट की जिम्मेदारी
शपथ लेने वाले मंत्रियों में कई ऐसे चेहरे हैं जो पहली बार कैबिनेट का हिस्सा बने हैं। वहीं, विजय सिन्हा और अशोक चौधरी जैसे दिग्गजों के अनुभव का लाभ भी सरकार को मिलेगा। जनता को उम्मीद है कि नई कैबिनेट रोजगार, शिक्षा और कानून व्यवस्था के मोर्चे पर ठोस कदम उठाएगी। राज्यपाल ने सभी मंत्रियों को उनकी नई जिम्मेदारी के लिए शुभकामनाएं दीं। शपथ ग्रहण के बाद अब सबकी निगाहें विभागों के आवंटन पर टिकी हैं।

