International News: क्रूज जहाज MV Hondius पर हंटावायरस के फैलने से वैश्विक स्तर पर स्वास्थ्य चिंताओं में भारी इजाफा हुआ है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने अब तक संक्रमण के आठ मामलों की पुष्टि की है, जिनमें से तीन मरीजों की मौत हो चुकी है। संक्रमित यात्रियों को बेहतर इलाज के लिए नीदरलैंड, जर्मनी और दक्षिण अफ्रीका जैसे देशों के अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। हालांकि, डब्लूएचओ ने स्पष्ट किया है कि आम जनता के लिए इस वायरस का समग्र जोखिम फिलहाल काफी कम है।
हंटावायरस संक्रमण के स्रोत और इसके विभिन्न स्वरूप
हंटावायरस एक दुर्लभ लेकिन अत्यंत गंभीर बीमारी है जो मुख्य रूप से संक्रमित चूहों के जरिए फैलती है। मनुष्य इसके संपर्क में तब आते हैं जब वे चूहों के मूत्र, मल या लार से दूषित हवा में सांस लेते हैं। अमेरिका में ज्यादातर मामले ‘सिन् नाम्ब्रे’ वायरस से संबंधित हैं। वहीं, दक्षिण अमेरिका में पाया जाने वाला ‘एंडीज स्ट्रेन’ एकमात्र ऐसा प्रकार है जो सीमित रूप से एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में फैल सकता है। यह वायरस फेफड़ों और गुर्दे पर सीधा हमला करता है।
अमेरिका में हंटावायरस का इतिहास और घातक आंकड़े
रोग नियंत्रण और रोकथाम केंद्र (CDC) के आंकड़ों के अनुसार, 1993 से 2023 के बीच अमेरिका में लगभग 890 मामले सामने आए हैं। अमेरिका के लगभग हर राज्य में इस संक्रमण की उपस्थिति दर्ज की गई है। आंकड़ों के मुताबिक न्यू मैक्सिको में सर्वाधिक 54 मौतें हुई हैं, जबकि कोलोराडो में 45 और एरिज़ोना में 32 लोगों ने अपनी जान गंवाई है। सीडीसी का अनुमान है कि राष्ट्रीय निगरानी शुरू होने के बाद से अब तक करीब 300 अमेरिकी नागरिक इस बीमारी का शिकार बन चुके हैं।
2026 के वैश्विक प्रकोप की ताजा स्थिति और विशेषज्ञों की राय
MV Hondius जहाज से जुड़े इस नवीनतम प्रकोप ने एशिया, यूरोप और अफ्रीका में स्वास्थ्य एजेंसियों को सतर्क कर दिया है। ओशनवाइड एक्सपेडिशंस ने पुष्टि की है कि जहाज वर्तमान में कैनरी द्वीपों की ओर बढ़ रहा है और अब वहां कोई नया संदिग्ध मामला नहीं है। रीडिंग विश्वविद्यालय के प्रोफेसर इयान जोन्स ने स्पष्ट किया कि मुख्य जोखिम संक्रमित चूहों की गंदगी से है। सामान्य सामाजिक संपर्क से इसके फैलने की संभावना बहुत कम है। वैश्विक स्तर पर संक्रमितों के संपर्कों को लगातार ट्रैक किया जा रहा है।
बचाव के उपाय और स्वास्थ्य विभाग की चेतावनी
स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने सलाह दी है कि चूहों की मौजूदगी वाले स्थानों की सफाई करते समय विशेष सावधानी बरतनी चाहिए। सफाई के दौरान मास्क का उपयोग और कीटाणुनाशक का छिड़काव संक्रमण के जोखिम को काफी हद तक कम कर सकता है। यदि किसी व्यक्ति को तेज बुखार, मांसपेशियों में दर्द या सांस लेने में तकलीफ जैसे लक्षण महसूस हों, तो उसे तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए। समय पर इलाज मिलने से हंटावायरस कार्डियोपल्मोनरी सिंड्रोम जैसी घातक स्थितियों से बचा जा सकता है।


