USA News: ईरान और अमेरिका के बीच लागू युद्धविराम के बीच अमेरिकी राजनीति में बड़ा टकराव शुरू हो गया है। पूर्व उपराष्ट्रपति कमला हैरिस ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने ट्रंप को ईरान के साथ युद्ध में धकेला है। हैरिस के मुताबिक, ट्रंप प्रशासन की इन नीतियों के कारण दुनिया भर में अमेरिका ने अपने भरोसेमंद सहयोगियों का विश्वास खो दिया है। यह बयान ऐसे समय आया है जब मिडिल ईस्ट में तनाव अभी पूरी तरह शांत नहीं हुआ है।
मिशिगन में बरसीं कमला हैरिस: नेतन्याहू पर साधा निशाना
बीबीसी की एक रिपोर्ट के अनुसार, मिशिगन में आयोजित एक कार्यक्रम में कमला हैरिस ने ट्रंप प्रशासन की विदेशी नीतियों की जमकर आलोचना की। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि बेंजामिन नेतन्याहू ने राष्ट्रपति ट्रंप को एक ऐसी लड़ाई में घसीटा है, जिसे अमेरिकी जनता बिल्कुल नहीं चाहती। हैरिस ने दावा किया कि इस अनावश्यक युद्ध की वजह से अमेरिकी सैन्य कर्मियों की जान जोखिम में पड़ गई है। उन्होंने ट्रंप प्रशासन को अमेरिकी इतिहास का ‘सबसे भ्रष्ट’ प्रशासन करार देते हुए गंभीर आरोप लगाए।
डोनाल्ड ट्रंप का पलटवार: इजरायल को बताया वफादार साथी
कमला हैरिस के आरोपों पर डोनाल्ड ट्रंप ने सीधे जवाब देने के बजाय अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘ट्रुथ सोशल’ का सहारा लिया। ट्रंप ने इजरायल का पुरजोर बचाव करते हुए उसे अमेरिका का एक महान और वफादार सहयोगी बताया। ट्रंप ने लिखा कि इजरायल एक साहसी और स्मार्ट देश है जो जीतना जानता है। उन्होंने इजरायल की तारीफ करते हुए कहा कि कठिन समय में इजरायल ने अपनी वफादारी साबित की है। ट्रंप ने उन देशों पर भी तंज कसा जिन्होंने तनाव के समय अमेरिका का साथ छोड़ दिया।
ईरान को चेतावनी: बुधवार तक स्थायी समझौते की शर्त
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को लेकर अपने कड़े रुख में कोई ढील नहीं दी है। उन्होंने स्पष्ट कर दिया है कि ईरान के साथ जारी सीजफायर को बिना किसी ठोस नतीजे के आगे नहीं बढ़ाया जाएगा। ट्रंप ने चेतावनी दी है कि यदि बुधवार तक कोई स्थायी समझौता नहीं होता, तो अमेरिका फिर से सख्त कार्रवाई करेगा। इसमें ईरानी बंदरगाहों की लगातार नाकेबंदी और दोबारा बमबारी जैसे कड़े विकल्प शामिल हैं। ट्रंप प्रशासन ईरान पर अधिकतम दबाव बनाने की रणनीति पर काम कर रहा है।
अमेरिकी सेना की ताकत के दुरुपयोग का आरोप
कमला हैरिस ने ट्रंप पर सैन्य शक्ति के गलत इस्तेमाल का भी अंदेशा जताया है। उन्होंने कहा कि ट्रंप अपनी पसंद-नापसंद के आधार पर किसी के भी खिलाफ अमेरिकी सेना का उपयोग कर सकते हैं। हैरिस ने आगाह किया कि विदेशी नीति में इस तरह का दृष्टिकोण वैश्विक स्थिरता के लिए खतरा पैदा कर सकता है। विपक्षी खेमे का मानना है कि ट्रंप की नीतियां अमेरिका को वैश्विक स्तर पर अलग-थलग कर रही हैं। फिलहाल, पूरा विश्व वाशिंगटन से आने वाले अगले आदेशों और सीजफायर की स्थिति पर नजरें गड़ाए हुए है।
