New Delhi News: भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान और दिग्गज बल्लेबाज विराट कोहली आईपीएल 2026 के व्यस्त कार्यक्रम के बीच अपने गृहनगर दिल्ली पहुंचे। उन्होंने यहाँ डीपीएस आरके पुरम में वेस्ट दिल्ली क्रिकेट अकादमी की नई शाखा का उद्घाटन किया। उद्घाटन समारोह के दौरान कोहली भावुक नजर आए और उन्होंने छात्रों को सफलता के गुरुमंत्र दिए। मैदान पर दुनिया के बड़े-बड़े गेंदबाजों को पस्त करने वाले कोहली स्कूल के मंच पर थोड़े असहज दिखे, जिसकी चर्चा अब सोशल मीडिया पर हो रही है।
स्टेज पर आकर क्यों असहज हुए ‘किंग कोहली’?
उद्घाटन के बाद जब विराट कोहली संबोधन के लिए मंच पर पहुंचे, तो उन्होंने अपनी झिझक को सबके सामने स्वीकार किया। उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा कि वह स्कूलों में भाषण देने के आदी नहीं हैं, इसलिए उन्हें थोड़ा अजीब महसूस हो रहा है। कोहली ने स्वीकार किया कि क्रिकेट के प्रति उनके जुनून के कारण वे बहुत पहले ही स्कूल सेटअप से दूर हो गए थे। यह उनके लिए एक नया अनुभव था, जहाँ वे बल्ले के बजाय शब्दों से अपना प्रभाव छोड़ रहे थे।
सफलता का सबसे बड़ा मंत्र: सपनों के प्रति ईमानदारी
छात्रों को प्रेरित करते हुए विराट कोहली ने सफलता का सबसे महत्वपूर्ण सिद्धांत साझा किया। उन्होंने कहा कि किसी भी क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए अपने सपनों के प्रति पूरी तरह ईमानदार रहना जरूरी है। उन्होंने अपने करियर का उदाहरण देते हुए बताया कि वह शुरू से ही अपने लक्ष्यों को लेकर स्पष्ट थे। कोहली ने जोर दिया कि केवल आप स्वयं ही जान सकते हैं कि आप अपने काम के प्रति 100 प्रतिशत समर्पित हैं या नहीं। अनुशासन का कोई विकल्प नहीं है।
कोच राजकुमार शर्मा और पुरानी यादों का जिक्र
इस खास कार्यक्रम में कोहली के बचपन के कोच राजकुमार शर्मा और डीडीसीए अध्यक्ष रोहन जेटली भी मौजूद रहे। विराट ने पुरानी यादें ताजा करते हुए बताया कि उन्होंने महज 8 साल की उम्र में इसी अकादमी से अपनी यात्रा शुरू की थी। उन्होंने बच्चों को सलाह दी कि स्कूल वह जगह है जहाँ आप केवल शिक्षा ही नहीं, बल्कि एक बेहतर इंसान बनना सीखते हैं। उन्होंने छात्रों से अपने शिक्षकों और शैक्षणिक माहौल का हमेशा सम्मान करने का आग्रह किया।
युवा खिलाड़ियों के लिए कोहली का संदेश
आईपीएल 2026 में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के लिए शानदार फॉर्म में चल रहे कोहली ने युवाओं को भविष्य के लिए तैयार रहने को कहा। उन्होंने संदेश दिया कि सफलता की नींव हमेशा मजबूत बुनियादी सिद्धांतों (बेस) पर टिकी होती है। चाहे वह खेल का मैदान हो या पढ़ाई की मेज, कड़ी मेहनत और समर्पण ही आपको भीड़ से अलग बनाता है। कोहली का यह मानवीय पहलू और युवाओं के प्रति उनकी चिंता प्रशंसकों के बीच काफी सराही जा रही है।
वेस्ट दिल्ली क्रिकेट अकादमी का विस्तार
वेस्ट दिल्ली क्रिकेट अकादमी की नई शाखा खुलने से क्षेत्र के उभरते हुए क्रिकेटरों को अब अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधाएं मिल सकेंगी। राजकुमार शर्मा के मार्गदर्शन में इस अकादमी ने पहले भी देश को विराट कोहली जैसा विश्वस्तरीय खिलाड़ी दिया है। कोहली ने उम्मीद जताई कि यहाँ से आने वाली नई पीढ़ी न केवल शानदार क्रिकेट खेलेगी, बल्कि राष्ट्र निर्माण में भी अपना योगदान देगी। इस उद्घाटन समारोह ने दिल्ली के युवा एथलीटों में एक नया उत्साह भर दिया है।


