Himachal Pradesh News: हिमाचल प्रदेश के देहरा से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां एक छोटी सी जिद ने हंसते-खेलते परिवार को पूरी तरह उजाड़ दिया। पत्नी बार-बार टैक्सी से मायके जाने की जिद करती थी। गरीब पति यह खर्च उठाने में असमर्थ था। इस बात पर दोनों के बीच रोज झगड़े होने लगे। विवाद इतना बढ़ गया कि मामला देहरा की फैमिली कोर्ट में पहुंच गया। अदालत ने तलाक की मंजूरी दे दी है।
पंजाब के होशियारपुर में हुई थी शादी
फरवरी दो हजार बाईस में यह शादी बड़े अरमानों से हुई थी। विवाह पंजाब के होशियारपुर में हुआ था। लेकिन शादी के मात्र दो महीने बाद ही रिश्ते में बड़ी दरार आ गई। अदालत में पति ने अपनी दर्दभरी कहानी सुनाई। उसने बताया कि उसकी आय बहुत कम है। इसके बावजूद पत्नी हमेशा टैक्सी बुक करके मायके जाने का दबाव डालती थी। पति अपनी सीमित कमाई में पत्नी का यह भारी खर्च उठाने की स्थिति में बिल्कुल नहीं था।
रोजाना के झगड़े और आत्महत्या की धमकियां
टैक्सी के किराए को लेकर घर में रोजाना भयंकर झगड़े शुरू हो गए। बात-बात पर तनाव बहुत अधिक बढ़ गया। पति के अनुसार पत्नी उसे बार-बार आत्महत्या करने की धमकियां देती थी। इन धमकियों ने हालात को और ज्यादा बिगाड़ दिया। पत्नी काफी लंबे समय से अपने मायके में ही रह रही थी। रिश्ते को बचाने के लिए पंचायत में कई बैठकें हुईं। सुलह के प्रयास हुए। लेकिन पत्नी ने लौटने से साफ तौर पर इनकार कर दिया।
अदालत ने क्रूरता के आधार पर दिया तलाक
देहरा की फैमिली कोर्ट में इस मामले की अहम सुनवाई हुई। नोटिस मिलने के बावजूद पत्नी सुनवाई के लिए अदालत नहीं आई। इसके बाद अदालत ने पति के साक्ष्यों के आधार पर एकतरफा फैसला सुना दिया। जज ने अपने आदेश में एक बेहद अहम और स्पष्ट टिप्पणी की है। अदालत ने कहा कि जब वैवाहिक संबंधों में सम्मान खत्म हो जाए, तो रिश्ते को जबरन चलाना ठीक नहीं है। अदालत ने क्रूर व्यवहार को आधार मानकर तलाक मंजूर किया।
