Kanpur News: उत्तर प्रदेश के कानपुर जिले के घाटमपुर में शनिवार की भोर एक भीषण अग्निकांड ने पूरे इलाके को दहला दिया। पुराना डाकखाना रोड स्थित एक घनी आबादी वाली मार्केट में अचानक भयंकर आग लग गई। इस हृदयविदारक हादसे में एक बुजुर्ग व्यापारी की जिंदा जलकर मौत हो गई। वहीं, मृतक के बेटे, बहू, मासूम नाती और भतीजी समेत चार लोग गंभीर रूप से झुलस गए हैं। अग्निशमन दल और पावर प्लांट की सीआईएसएफ टीम ने करीब चार घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया।
लक्ष्मी वस्त्र भंडार से शुरू हुई तबाही की लपटें
यह दर्दनाक हादसा रामकिशन गुप्ता के घर और मार्केट में हुआ। रामकिशन अपने दो भाइयों, सत्यनारायण और राज्जनलाल के परिवारों के साथ इसी इमारत में रहते थे। घर के निचले हिस्से में उनकी कपड़े और किराना की दुकानें स्थित हैं। शनिवार तड़के रामकिशन की ‘लक्ष्मी वस्त्र भंडार’ नामक दुकान में अचानक आग लग गई। धुआं उठता देख जब 75 वर्षीय रामकिशन ने दुकान का शटर उठाया, तो आग की लपटों ने देखते ही देखते विकराल रूप धारण कर लिया और पूरे घर को अपनी चपेट में ले लिया।
छत के रास्ते भागे लोग, पर नहीं बच सके रामकिशन
आग लगते ही घर में कोहराम मच गया। लपटें इतनी तेज थीं कि सीढ़ियों से नीचे उतरना नामुमकिन हो गया था। जान बचाने के लिए परिवार के अन्य सदस्य छत के रास्ते पड़ोसी के घरों में कूदकर बाहर निकले। शोर-शराबे और धुएं के बीच रामकिशन घर के अंदर ही फंस गए और बाहर नहीं निकल सके। दमकल विभाग के पहुंचने से पहले स्थानीय लोगों ने भी बचाव कार्य की कोशिश की, लेकिन आग पूरी तरह भड़क चुकी थी। करीब तीन घंटे के सर्च ऑपरेशन के बाद मलबे से रामकिशन का झुलसा हुआ शव बरामद हुआ।
एक ही छत के नीचे मौजूद थे 15 लोग
हादसे के वक्त इमारत में तीनों भाइयों के परिवारों के कुल 15 सदस्य मौजूद थे। रामकिशन के साथ उनकी पत्नी गोमती, बेटा हरिओम, बहू और दो पोते थे। सत्यनारायण और राज्जनलाल के परिवार भी वहीं सो रहे थे। इस अग्निकांड में रामकिशन का बेटा हरिओम, बहू श्रेया, महज चार माह का मासूम पौत्र शिवार्थ और भतीजी आयुषी गंभीर रूप से झुलस गए। सभी घायलों को प्राथमिक उपचार के लिए घाटमपुर सीएचसी ले जाया गया, जहां से उनकी गंभीर हालत को देखते हुए कानपुर रेफर कर दिया गया है।
चार घंटे की मशक्कत और करोड़ों का नुकसान
घटना की सूचना मिलते ही दमकल की गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। आग इतनी भयावह थी कि पास के पावर प्लांट से सीआईएसएफ की अग्निशमन गाड़ियों को भी मदद के लिए बुलाना पड़ा। करीब चार घंटे की मेहनत के बाद आग को बुझाया जा सका, लेकिन तब तक मार्केट की दुकानें और घर का सारा सामान जलकर राख हो चुका था। पुलिस अब आग लगने के कारणों की जांच कर रही है, जिसमें शॉर्ट सर्किट को प्राथमिक वजह माना जा रहा है। इस घटना से पूरे घाटमपुर क्षेत्र में मातम पसरा हुआ है।
