Uttar Pradesh News: उत्तर प्रदेश में मई के शुरुआती हफ्ते में कुदरत का अनोखा रूप देखने को मिला है। भीषण गर्मी के बजाय राज्य में सामान्य से 730 प्रतिशत अधिक बारिश दर्ज की गई। मौसम विभाग के आंकड़ों ने सबको चौंका दिया है। एक से सात मई के बीच प्रदेश में मात्र 3.3 मिमी बारिश होनी थी, लेकिन हकीकत में 27.4 मिमी वर्षा हुई। इस बेमौसम बदलाव ने न केवल आम जनजीवन को प्रभावित किया है, बल्कि मौसम विज्ञानियों के सामने भी कई बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।
तापमान में भारी गिरावट और टूटे रिकॉर्ड
लगातार हो रही बारिश और बादलों की आवाजाही ने पारा काफी नीचे गिरा दिया है। उत्तर प्रदेश के कई शहरों में मई महीने के न्यूनतम अधिकतम तापमान के पुराने रिकॉर्ड ध्वस्त हो गए। राजधानी लखनऊ में पांच मई को अधिकतम तापमान सामान्य से 11.4 डिग्री कम रहा। यहां पारा मात्र 28 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। यह इतिहास में मई का दूसरा सबसे कम तापमान है। इससे पहले साल 2021 में पारा 27.8 डिग्री तक लुढ़का था।
पश्चिमी और पूर्वी यूपी में बारिश का तांडव
मौसम विभाग के विश्लेषण के अनुसार पश्चिमी उत्तर प्रदेश में सामान्य 2.7 मिमी के मुकाबले 23.5 मिमी वर्षा हुई। वहीं पूर्वी उत्तर प्रदेश में भी हालात कुछ अलग नहीं रहे। यहां सामान्य 3.8 मिमी के मुकाबले 30.1 मिमी बारिश दर्ज की गई। गोरखपुर और बलिया जैसे शहरों में भी असामान्य ठंडक महसूस की गई। गोरखपुर में अधिकतम तापमान सामान्य से 11.7 डिग्री नीचे चला गया। बलिया में भी पारा 27.5 डिग्री दर्ज हुआ, जो मई का पांचवां सबसे कम रिकॉर्ड है।
मार्च से जारी है बेमौसम बारिश का सिलसिला
उत्तर प्रदेश में बेमौसम बारिश का यह दौर एक मार्च से ही लगातार सक्रिय है। एक मार्च से सात मई के बीच प्रदेश में सामान्य 18.2 मिमी के बजाय 48.8 मिमी बारिश हुई। यह सामान्य औसत से 168 प्रतिशत अधिक है। पश्चिमी यूपी में जहां 46.9 मिमी बारिश हुई, वहीं पूर्वी उत्तर प्रदेश में यह आंकड़ा 50.2 मिमी तक पहुंच गया। वैज्ञानिक इसे जलवायु परिवर्तन के संकेत के रूप में देख रहे हैं क्योंकि ऐसी स्थिति मई में सामान्य नहीं होती।
आईएमडी का पूर्वानुमान और आने वाले दिनों का हाल
भारतीय मौसम विभाग (आईएमडी) ने 14 मई तक राज्य के अधिकांश हिस्सों में बारिश में कमी आने की संभावना जताई है। हालांकि, पूर्वी उत्तर प्रदेश के कुछ जिलों में अभी भी सामान्य से अधिक वर्षा हो सकती है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में अब धीरे-धीरे गर्मी बढ़ने का अनुमान है। लखनऊ में अगले कुछ दिनों तक आसमान साफ रहने की उम्मीद है। यहां दिन का तापमान 35 डिग्री के आसपास रहेगा, जिससे लोगों को थोड़ी राहत मिल सकती है।
पूर्वी उत्तर प्रदेश के लिए गरज-चमक की चेतावनी
मौसम विभाग ने पूर्वी उत्तर प्रदेश के इलाकों के लिए गंभीर चेतावनी जारी की है। विभाग के अनुसार यहां 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। कुछ स्थानों पर हवा के झोंके 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकते हैं। बिजली गिरने की आशंका के मद्देनजर लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। इस बीच पश्चिमी उत्तर प्रदेश में किसी बड़े वर्षा तंत्र के सक्रिय होने की कोई संभावना फिलहाल नहीं जताई गई है।

