Himachal News: हिमाचल प्रदेश की हमीरपुर पुलिस ने एक अंतरराज्यीय गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने जाली नोटों से ठगी करने वाले दो अपराधियों को गिरफ्तार किया है। यह दोनों अपराधी मूल रूप से पंजाब के रहने वाले हैं। पुलिस अब गहन जांच कर रही है कि यह जाली नोट कहां से लाए गए थे। इस गिरोह ने सीधे सादे दुकानदारों को अपना निशाना बनाया था। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई से व्यापारियों ने राहत ली है।
बुजुर्ग दुकानदार की शिकायत पर खुला ठगी का राज
यह पूरी कार्रवाई एक चौहत्तर वर्षीय बुजुर्ग दुकानदार की शिकायत पर आधारित है। बुजुर्ग की दुकान हमीरपुर के लोहारड़ा बाईपास मार्ग पर स्थित है। अपराधियों ने नौ अप्रैल को इस बुजुर्ग को अपना शिकार बनाया था। उन्होंने पांच रुपये के असली नोटों के बदले दो सौ रुपये के जाली नोट दिए थे। ठगी का अहसास होने पर बुजुर्ग ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मामला दर्ज करके इस घटना की गंभीरता से जांच शुरू की।
सीसीटीवी और तकनीकी मदद से पकड़े गए शातिर
पुलिस ने आरोपियों को पकड़ने के लिए सीसीटीवी फुटेज का सहारा लिया। तकनीकी निगरानी और बैंक रिकॉर्ड का बारीकी से विश्लेषण भी किया गया। इन सबूतों की मदद से अपराध में इस्तेमाल वाहन की पहचान हुई। शुक्रवार को पुलिस ने बैहनाजटां के पास अपना जाल बिछाया। अपराधी एक दूसरे वाहन में बैठकर मनाली की ओर भागने की कोशिश कर रहे थे। पुलिस टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए उन्हें रास्ते में ही धर दबोचा और नाकाम किया।
तलाशी में भारी मात्रा में बरामद हुए जाली नोट
गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने आरोपियों की सघन तलाशी ली। इस दौरान उनके पास से पांच सौ रुपये के सोलह जाली नोट मिले। दो सौ रुपये के तैंतीस जाली नोट भी बरामद किए गए। वे अन्य जगहों पर भी नोट खपाने वाले थे। पुलिस अधीक्षक बलबीर सिंह ने आम जनता से सतर्कता बरतने की अपील की है। उन्होंने व्यापारियों को सावधान रहने को कहा है। पुलिस सभी कड़ियों को बारीकी से जोड़ रही है।
