Delhi News: राजधानी दिल्ली के डाबड़ी इलाके से एक रूह कंपा देने वाली वारदात सामने आई है। टेंट व्यवसायी को बकाया पैसे मांगने की कीमत अपने दोनों हाथ गंवाकर चुकानी पड़ी। आरोपी ने अपने नाबालिग साथियों के साथ मिलकर पीड़ित को घर बुलाकर बंधक बना लिया। इसके बाद उन्होंने ग्राइंडर से उसके दोनों हाथों को काटने का प्रयास किया। चीख-पुकार सुनकर पहुंचे लोगों ने किसी तरह उसकी जान बचाई।
बेटी की शादी के लिए ली थी टेंट सेवा
पुलिस उपायुक्त कुशल पाल सिंह ने बताया कि पीड़ित 32 वर्षीय लोकेश गुप्ता विजय एनक्लेव में परिवार के साथ रहते हैं। वह शादी समारोह में हलवाई और टेंट सर्विस का काम करते हैं। आरोपी अजयपाल भी उसी इलाके का रहने वाला है। 20 अप्रैल को अजयपाल की बेटी की शादी थी। उसने शादी समारोह के लिए लोकेश की सेवाएं ढाई लाख रुपये में बुक की थीं।
50 हजार देकर 2 लाख रुपये रख लिए बकाया
डीसीपी के मुताबिक आरोपी ने ढाई लाख में से केवल 50 हजार रुपये का भुगतान किया था। पूरे काम के बाद भी उसके ऊपर दो लाख रुपये बकाया रह गए थे। लोकेश कई बार अपनी रकम मांग चुके थे लेकिन हर बार आरोपी उन्हें टरका देता था। इसी सिलसिले में शुक्रवार को वह फिर से अपनी बकाया रकम लेने अजय के घर पहुंचे।
ऊपरी मंजिल पर बुलाकर पहले की मारपीट
लोकेश जैसे ही रुपये मांगने पहुंचे तो आरोपी ने उन्हें अपने मकान की ऊपरी मंजिल पर बुला लिया। पीड़ित ने पुलिस को बताया कि जब वह ऊपर पहुंचा तो वहां आरोपी के साथ दो या तीन अन्य लोग पहले से मौजूद थे। सभी ने मिलकर उनके साथ बेरहमी से मारपीट शुरू कर दी। पिटाई के बाद उन्हें रस्सियों से बांध दिया गया।
ग्राइंडर चलाकर काटने लगे दोनों हाथ
मारपीट और बांधने के बाद आरोपियों ने ग्राइंडर मशीन चलाई और लोकेश के दोनों हाथों को काटना शुरू कर दिया। तेज धार वाली मशीन से हाथ कटने पर पीड़ित दर्द से चीखने-चिल्लाने लगा। उसकी हृदय विदारक चीखें सुनकर आसपास के लोग तुरंत मौके की ओर दौड़ पड़े। लोगों को आता देख आरोपी वहां से भागने लगे।
चीख-पुकार सुन पहुंचे लोगों ने बचाई जान
पीड़ित की मदद को पहुंचे लोगों ने तुरंत इसकी सूचना पुलिस को दी। शुक्रवार रात करीब साढ़े आठ बजे डाबड़ी पुलिस को इस जघन्य वारदात की खबर मिली। पुलिस टीम जब मौके पर पहुंची तो लोकेश गुप्ता को बुरी तरह से घायल और खून से लथपथ हालत में पाया। उन्हें तुरंत पास के अस्पताल ले जाया गया।
गंभीर हालत में एम्स में भर्ती पीड़ित
प्राथमिक उपचार के बाद लोकेश की हालत को गंभीर देखते हुए उन्हें एम्स रेफर कर दिया गया है। डॉक्टरों की टीम उनके हाथों को बचाने में पूरी तरह जुटी हुई है। पीड़ित के परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। पत्नी और बच्चों के सामने आजीविका का गहरा संकट खड़ा हो गया है। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए मुख्य आरोपी अजयपाल और दो नाबालिगों को हिरासत में ले लिया है।
