Uttar Pradesh News: उत्तर प्रदेश में भीषण गर्मी के प्रकोप को देखते हुए योगी सरकार ने गोवंशों की सुरक्षा के लिए कड़े कदम उठाए हैं। सरकार ने प्रदेश के सभी गो-आश्रय स्थलों पर गर्मी से बचाव के पुख्ता इंतजाम करने के निर्देश दिए हैं। पशुपालन विभाग को अब हर आश्रय स्थल पर वाटर मिस्टिंग सिस्टम, कूलर और पंखे लगाना अनिवार्य होगा। सरकार का मुख्य उद्देश्य बेजुबान जानवरों को लू और तपिश से बचाना है। इसके साथ ही पशुओं के लिए स्वच्छ पेयजल की निरंतर उपलब्धता सुनिश्चित की जाएगी।
अपर मुख्य सचिव का निर्देश: भूसा दान अभियान में दिखा सकारात्मक रुझान
अपर मुख्य सचिव पशुपालन मुकेश मेश्राम ने बताया कि प्रदेश में भूसा दान अभियान को लेकर लोगों में काफी उत्साह है। अब तक महराजगंज, जौनपुर, बलिया और वाराणसी सहित 10 जिलों ने इस अभियान में अग्रणी भूमिका निभाई है। एटा, सहारनपुर और शाहजहांपुर जैसे जनपदों में भी जनप्रतिनिधि और समाजसेवी बढ़-चढ़कर हिस्सा ले रहे हैं। लखीमपुर खीरी, चित्रकूट और गोरखपुर के गो-आश्रयों में भी पर्याप्त भूसा उपलब्ध कराया जा रहा है। सरकार ने अन्य जिलों से भी इस पुण्य कार्य में सक्रिय होने की अपील की है।
जौनपुर डीएम की अनूठी पहल: भूसा दान करने वालों को मिलेगा ‘पुण्य की एफडी’ प्रमाणपत्र
जौनपुर के जिलाधिकारी ने भूसा दान को प्रोत्साहित करने के लिए एक अनोखी योजना शुरू की है। दानवीरों को ‘पुण्य की एफडी’ प्रमाणपत्र वितरित किए जा रहे हैं। वहीं आजमगढ़, बागपत और हरदोई के जिलाधिकारियों ने गो-आश्रयों में अत्याधुनिक वाटर मिस्टिंग सिस्टम और फागर लगवाए हैं। सहारनपुर में भी गर्मी से निपटने के लिए विशेष व्यवस्थाएं की गई हैं। राज्य सरकार चाहती है कि हर जिले में गोवंश को छायादार और ठंडे वातावरण में रखा जाए ताकि उन्हें स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं न हों।
अतिक्रमण मुक्त होंगे चारागाह: हाइब्रिड नेपियर घास से दूर होगी चारे की किल्लत
सरकार ने अधिकारियों को चारागाह की जमीनों से तत्काल अतिक्रमण हटाने के निर्देश दिए हैं। प्रशासन खाली कराई गई भूमि पर हाइब्रिड नेपियर घास की बुआई करने पर विशेष जोर दे रहा है। इस घास की विशेषता यह है कि यह लंबे समय तक हरे चारे की उपलब्धता बनाए रखती है। इसके अलावा गो-आश्रय स्थलों में बड़े पैमाने पर छायादार वृक्षों का रोपण भी किया जा रहा है। अधिकारी अब नियमित रूप से इन स्थलों का निरीक्षण करेंगे ताकि व्यवस्थाओं में कोई कमी न रहे।
विकास और सुरक्षा पर जोर: बेजुबानों के लिए सरकार का सुरक्षा कवच
योगी सरकार की इस पहल से ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में पशुपालन की स्थिति सुधरेगी। चारागाहों के पुनरुद्धार से पशुपालकों को भी बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई होगी। छायादार व्यवस्था और ठंडे पानी की उपलब्धता से पशुओं की उत्पादकता भी बनी रहेगी। सरकार का यह कदम पर्यावरण संरक्षण और गो-सेवा के संकल्प को और अधिक मजबूती प्रदान कर रहा है।
