नेपाल सड़क हादसे में मां-बेटी की मौत से गमगीन हुआ गांव, एक ही चिता पर जलीं दो अर्थियां, हृदयविदारक मंजर देख कांप उठा सबका कलेजा!

Maharajganj News: नेपाल में हुए एक भीषण सड़क हादसे ने उत्तर प्रदेश के महराजगंज जिले के एक परिवार को कभी न भरने वाला जख्म दिया है। गुरुवार को हुई इस दुर्घटना में सेमरा राजा निवासी निर्मला और उनकी छह वर्षीय मासूम बेटी काव्या की दर्दनाक मौत हो गई। शनिवार शाम जैसे ही दोनों के शव गांव पहुंचे, पूरे इलाके में कोहराम मच गया। हर किसी की आंखें नम थीं और गांव का माहौल पूरी तरह शोक में डूब गया।

गांव पहुंचते ही मचा कोहराम, शवों से लिपटकर रोने लगे परिजन

शनिवार की शाम जब मां-बेटी के पार्थिव शरीर नेपाल से वापस गांव सेमरा राजा टोला पहुंचे, तो वहां मौजूद शुभचिंतकों और परिजनों की चीख-पुकार से सन्नाटा टूट गया। परिजनों का करुण क्रंदन सुनकर वहां मौजूद ग्रामीणों का कलेजा कांप उठा। लोग शवों से लिपटकर दहाड़ें मारकर रोने लगे। सिसकियों और करुण नाद के बीच इस दुखद दृश्य को देख पाना सबके लिए मुश्किल था। मां और बेटी की अंतिम विदाई का यह सफर बेहद पीड़ादायक रहा।

एक ही चिता पर दी गई मुखाग्नि, मुक्ति धाम में हुआ अंतिम संस्कार

देर शाम पुलिस प्रशासन की कड़ी निगरानी में मौन नाला स्थित मुक्ति धाम पर मां-बेटी का अंतिम संस्कार किया गया। श्मशान घाट पर उस समय माहौल और भी गमगीन हो गया जब दोनों की अर्थियां एक साथ उठीं। दोनों को एक ही चिता पर मुखाग्नि दी गई। यह हृदयविदारक दृश्य देख वहां मौजूद सैकड़ों लोगों की आंखों से आंसू छलक पड़े। हर कोई इस बेबस परिवार के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त कर रहा था।

13 वर्षीय अंश ने दी मुखाग्नि, पिता का अस्पताल में चल रहा इलाज

निर्मला के पति करन नाथ मौर्य खुद भी इस हादसे में गंभीर रूप से घायल हुए हैं। वह वर्तमान में गोरखपुर के बीआरडी मेडिकल कॉलेज में जिंदगी की जंग लड़ रहे हैं। पिता की अनुपस्थिति में उनके बड़े भाई के 13 वर्षीय पुत्र अंश मौर्य ने अपनी चाची और बहन की चिता को मुखाग्नि दी। भिटौली थानाध्यक्ष सत्येंद्र राय ने पुष्टि की है कि पुलिस की मौजूदगी में परिजनों ने दोनों मृतकों का विधि-विधान से अंतिम संस्कार संपन्न कर दिया है।

SOURCE: न्यूज एजेंसी
/ month
placeholder text

Hot this week

Topics

Related Articles

Popular Categories