Haryana News: हरियाणा में सात नगर निकायों के आम चुनाव और तीन नगर निगमों सहित विभिन्न वार्डों के उपचुनाव के लिए चुनावी सरगर्मी अपने चरम पर पहुंच गई है। राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा घोषित कार्यक्रम के अनुसार, 10 मई 2026 को मतदान होना है। सत्ताधारी भाजपा और मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस के बीच सीधी टक्कर देखने को मिल रही है। मुख्यमंत्री नायब सैनी और पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा सहित तमाम दिग्गज नेता अपने-अपने उम्मीदवारों के पक्ष में धुआंधार प्रचार कर रहे हैं।
निगम चुनावों में त्रिकोणीय मुकाबले के आसार
सोनीपत, पंचकूला और अंबाला नगर निगमों के लिए होने वाले चुनाव इस बार काफी महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं। भाजपा ने सोनीपत में मौजूदा मेयर राजीव जैन को दोबारा मैदान में उतारा है, जबकि कांग्रेस ने कमल दीवान पर दांव खेला है। आम आदमी पार्टी (AAP) ने भी सभी तीन निगमों में अपने चुनाव चिन्ह ‘झाडू’ पर प्रत्याशी उतारकर मुकाबले को त्रिकोणीय बना दिया है। शहरों के विकास, भ्रष्टाचार और स्थानीय बुनियादी ढांचे जैसे मुद्दे इस बार चुनावी चर्चा के केंद्र में हैं।
पंचायती राज संस्थाओं में उपचुनाव का गणित
पंचायतों में खाली पड़ी 528 सीटों के लिए उपचुनाव की प्रक्रिया जारी है, लेकिन दिलचस्प बात यह है कि पंचों के 232 पद इस बार भी खाली रह जाएंगे। इन सीटों के लिए किसी भी उम्मीदवार ने नामांकन दाखिल नहीं किया है। हालांकि, जिला परिषद, पंचायत समिति और सरपंचों के 275 पदों पर उम्मीदवारों का चयन निर्विरोध हो चुका है। हिसार की मंडी आदमपुर और जवाहर नगर जैसी नई पंचायतों में पहली बार होने जा रहे आम चुनाव को लेकर ग्रामीणों में भारी उत्साह देखा जा रहा है।
भ्रष्टाचार और विकास के मुद्दों पर घेराबंदी
चुनाव प्रचार के दौरान आरोप-प्रत्यारोप का दौर भी तेज हो गया है। कांग्रेस सांसद दीपेंद्र हुड्डा ने पंचकूला में प्रचार के दौरान भाजपा पर नगर निकायों में भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि प्रदेश की जनता बदलाव चाहती है और निकाय चुनाव के नतीजे भविष्य की राजनीति की दिशा तय करेंगे। दूसरी ओर, भाजपा ‘ट्रिपल इंजन’ सरकार का हवाला देकर विकास कार्यों के नाम पर वोट मांग रही है। मुख्यमंत्री खुद विभिन्न शहरों में जनसभाएं कर सरकारी योजनाओं की उपलब्धियां गिना रहे हैं।
निर्वाचन आयोग की तैयारियां और सुरक्षा व्यवस्था
राज्य निर्वाचन आयोग ने स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने के लिए कड़े प्रबंध किए हैं। संवेदनशील बूथों पर अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किया जाएगा और ईवीएम की सुरक्षा के लिए विशेष टीमें गठित की गई हैं। मतदाताओं की सुविधा के लिए वोटर स्लिप वितरण का कार्य अंतिम चरण में है। 10 मई को होने वाली वोटिंग के बाद, 13 मई 2026 को मतगणना की जाएगी। प्रशासन ने चुनाव प्रचार के दौरान आदर्श आचार संहिता का कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए हैं।


