Rajasthan News: देश की प्रतिष्ठित मेडिकल प्रवेश परीक्षा NEET UG 2026 एक बार फिर विवादों के घेरे में आ गई है। इस बार विवाद का केंद्र राजस्थान का एजुकेशन हब सीकर बना है। यहां परीक्षा से ठीक पहले एक ‘गेस पेपर’ सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ। चौंकाने वाली बात यह है कि इस पेपर के करीब 125 सवाल मुख्य परीक्षा के प्रश्न पत्र से हूबहू मिल गए। इस घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
SOG और ATS की सीकर के हॉस्टलों में छापेमारी
सीकर में गेस पेपर वायरल होने की खबर मिलते ही प्रशासन हरकत में आ गया है। राजस्थान पुलिस की स्पेशल ऑपरेशंस ग्रुप (SOG) और एटीएस (ATS) ने संयुक्त रूप से मामले की जांच संभाल ली है। जांच एजेंसियां सीकर के विभिन्न हॉस्टलों में सघन तलाशी अभियान चला रही हैं। पुलिस अधिकारी छात्रों के मोबाइल फोन, डिजिटल फुटप्रिंट्स और व्हाट्सएप चैट की गहनता से पड़ताल कर रहे हैं। इस कार्रवाई से कोचिंग सिटी में हड़कंप मचा हुआ है।
स्थानीय पुलिस की सुस्ती और NTA का सख्त रुख
शुरुआत में छात्रों ने सीकर के उद्योग नगर थाने में इस संदिग्ध गेस पेपर की शिकायत की थी। आरोप है कि स्थानीय पुलिस ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया और कोई ठोस कदम नहीं उठाया। इसके बाद छात्रों ने सबूतों के साथ नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) को ईमेल भेजा। एनटीए ने प्राथमिक जांच के बाद इसे बेहद गंभीर मामला माना है। एजेंसी ने राजस्थान के पुलिस महानिदेशक को पत्र लिखकर औपचारिक जांच के आदेश दिए हैं।
परीक्षा केंद्र पर सुरक्षा के दावे और हाई-टेक प्रोटोकॉल
NTA के मुताबिक, 3 मई 2026 को हुई परीक्षा के लिए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। प्रश्न पत्रों की आवाजाही पर जीपीएस (GPS) के जरिए पैनी नजर रखी गई थी। परीक्षा केंद्रों पर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) वाले सीसीटीवी कैमरे और 5G जैमर्स का इस्तेमाल हुआ। प्रत्येक छात्र का बायोमेट्रिक सत्यापन भी किया गया था। इतने कड़े सुरक्षा घेरे के बावजूद गेस पेपर में सवालों का मिलना एजेंसी की कार्यप्रणाली पर संदेह पैदा कर रहा है।
छात्रों के भविष्य पर संशय और एजेंसी का भरोसा
लाखों मेहनती छात्रों के मन में अब यह डर है कि क्या उनकी मेहनत पर पानी फिर जाएगा। एनटीए ने इस पर स्पष्ट किया है कि ईमानदार उम्मीदवारों के हितों की हर हाल में रक्षा की जाएगी। एजेंसी ने कहा कि जांच रिपोर्ट आने के बाद ही अंतिम फैसला लिया जाएगा। भविष्य के सभी निर्णय शिक्षा मंत्रालय के साथ परामर्श के बाद पूरी पारदर्शिता के साथ होंगे। छात्रों और अभिभावकों से अपील की गई है कि वे संयम बनाए रखें।
मदद के लिए आधिकारिक हेल्पलाइन और संपर्क सूत्र
एनटीए ने इस संकट की घड़ी में उम्मीदवारों की सहायता के लिए विशेष हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं। यदि आपके पास परीक्षा या इस विवाद से संबंधित कोई भी प्रश्न है, तो आप तुरंत संपर्क कर सकते हैं। उम्मीदवार हेल्पलाइन नंबर 40759000 या 011-69227700 पर फोन करके जानकारी ले सकते हैं। एजेंसी ने भरोसा दिलाया है कि किसी भी प्रकार की धांधली पाए जाने पर दोषियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

