New Delhi News: भारतीय सर्राफा बाजार में आज सोने की कीमतों ने निवेशकों को हैरत में डाल दिया है। वैश्विक राजनीतिक अस्थिरता और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की विशेष अपील के बाद सोने के भाव में भारी उतार-चढ़ाव देखा जा रहा है। 12 मई 2026 को मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर सोने का वायदा भाव उछलकर ₹1,54,020 प्रति 10 ग्राम तक पहुंच गया। हालांकि, हाजिर बाजार में मांग घटने से कीमतों पर दबाव बना हुआ है। लोग अब खरीदारी से पहले वैश्विक घटनाक्रमों का बारीकी से अध्ययन कर रहे हैं।
आखिर क्यों गिर रही हैं सोने की कीमतें?
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर डॉलर की मजबूती और पश्चिम एशिया में जारी तनाव ने सोने की चमक को प्रभावित किया है। ईरान और अमेरिका के बीच वार्ता विफल होने से युद्ध की आशंका बढ़ गई है। इस अशांति ने कच्चे तेल की कीमतों को आसमान पर पहुंचा दिया है, जिससे वैश्विक महंगाई का खतरा बढ़ गया है। डॉलर के शक्तिशाली होने से निवेशकों का रुझान सोने से हटकर मुद्रा की ओर बढ़ा है। यही मुख्य कारण है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में हाजिर सोने के भाव नीचे आ रहे हैं।
पीएम मोदी की अपील का बाजार पर क्या हुआ असर?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश की विदेशी मुद्रा को बचाने के लिए नागरिकों से एक भावुक अपील की है। उन्होंने लोगों से आग्रह किया कि वे कम से कम एक साल तक गैर-जरूरी सोने की खरीदारी से बचें। इस अपील का असर बाजार में साफ दिखने लगा है और मांग में भारी गिरावट आई है। पिछले दो दिनों के भीतर ही 24 कैरेट सोना ₹230 और 22 कैरेट सोना ₹210 तक सस्ता हो चुका है। भारतीय परिवारों द्वारा सोने की कम खरीदारी सीधे तौर पर व्यापार घाटे को कम करने में मदद करेगी।
Gold Price in India: बड़े शहरों में आज का ताजा भाव
आज देश के विभिन्न हिस्सों में सोने की कीमतों में मामूली अंतर देखा जा रहा है। दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद और गुरुग्राम जैसे एनसीआर क्षेत्रों में 24 कैरेट सोना ₹1,52,280 प्रति 10 ग्राम पर बिक रहा है। वहीं, मुंबई, पुणे और कोलकाता में इसकी कीमत ₹1,52,130 दर्ज की गई है। दक्षिण भारत के चेन्नई में भाव थोड़े ऊंचे हैं, जहाँ यह ₹1,53,820 के स्तर पर है। जयपुर, लखनऊ और पटना जैसे शहरों में भी कीमतें ₹1,52,200 के आसपास बनी हुई हैं।
भारत में कैसे तय होती है सोने की सटीक कीमत?
भारत में सोने के भाव मुख्य रूप से अंतरराष्ट्रीय संकेतों और लंदन बुलियन मार्केट की हलचल पर निर्भर करते हैं। इसके अलावा, डॉलर के मुकाबले रुपये की स्थिति और आयात शुल्क (Import Duty) भी अंतिम कीमत तय करने में अहम भूमिका निभाते हैं। स्थानीय स्तर पर लगने वाले वैट (VAT), जीएसटी और ट्रांसपोर्टेशन खर्च की वजह से अलग-अलग शहरों के रेट में अंतर आता है। इंडिया बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन (IBJA) द्वारा जारी किए गए आंकड़ों को ही देश में मानक माना जाता है।
सोना, पेट्रोल और खाद: अर्थव्यवस्था का गहरा गणित
प्रधानमंत्री की अपील के पीछे का मुख्य उद्देश्य देश के आयात बिल को कम करना है। भारत अपनी जरूरत का अधिकांश सोना, पेट्रोल और खाद विदेशों से आयात करता है, जिसके लिए भारी मात्रा में डॉलर खर्च करने पड़ते हैं। यदि भारतीय समाज सोने की खरीदारी में थोड़ी कटौती करता है, तो सरकार उस बचत का उपयोग खाद और ईंधन जैसी आवश्यक वस्तुओं पर कर पाएगी। विशेषज्ञों का मानना है कि सोने की मांग में कमी आने से रुपये को मजबूती मिलेगी और व्यापार घाटा संतुलित होगा।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)
- आज 24 कैरेट सोने का क्या भाव है?
आज यानी 12 मई 2026 को राजधानी दिल्ली में 24 कैरेट सोने का भाव ₹1,52,280 प्रति 10 ग्राम चल रहा है। - क्या आने वाले समय में सोना और अधिक सस्ता होगा?
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि यदि वैश्विक तनाव कम होता है और घरेलू मांग में कमी बनी रहती है, तो कीमतें और गिर सकती हैं। - MCX और सर्राफा बाजार के रेट अलग क्यों होते हैं?
MCX पर वायदा व्यापार होता है जो भविष्य की डिलीवरी पर आधारित है, जबकि सर्राफा बाजार में हाजिर भाव (Ready Cash) पर व्यापार होता है।

