Nepal News: प्रधानमंत्री बालेन शाह की सरकार बनते ही नेपाल में बड़ा राजनीतिक संकट खड़ा हो गया है। भ्रष्टाचार के गंभीर आरोपों के कारण उनके दो मंत्रियों को एक महीने के भीतर इस्तीफा देना पड़ा है। इसके अलावा भारत-नेपाल सीमा पर नए टैक्स नियम लागू करने से स्थानीय लोग भारी विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। इन तमाम राजनीतिक उलझनों और जनता के बढ़ते गुस्से के बीच राष्ट्रपति द्वारा संसद का आगामी सत्र भी अचानक स्थगित कर दिया गया है।
भारत-नेपाल सीमा पर नया टैक्स विवाद
बालेन शाह ने सरकार बनाते ही सीमा पार व्यापार पर एक बेहद सख्त फैसला लिया है। नए नियम के तहत भारत से सौ नेपाली रुपये से ज्यादा का सामान लाने पर अब सीधे कस्टम ड्यूटी लगेगी। इससे हमेशा से स्वतंत्र रूप से खरीदारी करने वाले सीमावर्ती लोग काफी परेशान हो गए हैं। आम नागरिक इस कड़े फैसले का सड़कों पर भारी विरोध कर रहे हैं। इस नए और विवादित नियम के कारण भारत-नेपाल के सीमावर्ती इलाकों में लगातार तनाव और भारी असंतोष का माहौल है।
भारत सरकार ने फैसले पर दी प्रतिक्रिया
नेपाल सरकार के इस नए फैसले पर भारतीय विदेश मंत्रालय ने भी अपनी आधिकारिक प्रतिक्रिया दी है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि भारत को नेपाली अधिकारियों द्वारा इस नियम को लागू करने की पूरी जानकारी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि नेपाल सरकार ने यह कड़ा कदम मुख्य रूप से सीमा पर होने वाले अनौपचारिक व्यापार और तस्करी को रोकने के लिए उठाया है। हालांकि इस फैसले से दोनों देशों के आम नागरिकों का दैनिक जीवन काफी ज्यादा प्रभावित हो रहा है।
भ्रष्टाचार के कारण श्रम मंत्री का इस्तीफा
बालेन शाह ने देश में पारदर्शी और भ्रष्टाचार मुक्त सरकार देने का बड़ा वादा किया था। लेकिन सरकार बनने के मात्र तेरह दिन बाद ही उनके श्रम मंत्री दीपक कुमार साह को गंभीर आरोपों के कारण पद छोड़ना पड़ा। दीपक साह पर स्वास्थ्य बीमा बोर्ड में अपनी पत्नी को नौकरी दिलाने के लिए पद का दुरुपयोग करने का आरोप लगा था। अपनी ही पार्टी के भारी दबाव और सार्वजनिक आलोचना के बाद उन्हें मजबूरी में यह बड़ा कदम उठाते हुए इस्तीफा देना पड़ गया।
गृह मंत्री सुदन गुरुंग पर लगे गंभीर आरोप
श्रम मंत्री के बाद बालेन शाह के सबसे करीबी माने जाने वाले गृह मंत्री सुदन गुरुंग ने भी इस्तीफा दे दिया है। सुदन गुरुंग पर आय से अधिक संपत्ति रखने और मनी लॉन्ड्रिंग के आरोपी दीपक भट्ट के साथ संबंध होने के आरोप लगे हैं। इस्तीफा देते हुए गुरुंग ने कहा कि उनके लिए मंत्री पद से ज्यादा नैतिकता मायने रखती है। इस इस्तीफे के बाद अब प्रधानमंत्री बालेन शाह खुद ही गृह मंत्रालय संभाल रहे हैं।
संसद सत्र बिना बुलाए अचानक स्थगित
इन सभी राजनीतिक घटनाक्रमों के बीच नेपाल के राष्ट्रपति रामचंद्र पौडेल ने संघीय संसद के दोनों सदनों का सत्र अचानक स्थगित कर दिया है। इससे पहले राष्ट्रपति ने कैबिनेट की सिफारिश पर तीस अप्रैल को संसदीय सत्र बुलाने का आदेश जारी किया था। सत्र को बिना पूर्व सूचना के अचानक स्थगित करने के कारणों की जानकारी अभी नहीं दी गई है। विपक्षी नेताओं ने सरकार के इस हैरान करने वाले फैसले पर सवाल उठाए हैं।
