Uttar Pradesh News: यूपी पुलिस ने मौलाना अब्दुल्ला सलीम कासमी को गिरफ्तार कर लिया है। उसने सीएम योगी आदित्यनाथ की मां पर अभद्र टिप्पणी की थी। गिरफ्तारी के बाद मौलाना का एक वीडियो सामने आया है। इसमें वह लंगड़ाते हुए थाने जाता दिख रहा है। एक अन्य वीडियो में मौलाना हाथ जोड़कर अपनी गलती की माफी मांग रहा है। यूपी एसटीएफ ने उसे बिहार के पूर्णिया से दबोचा है। अब पुलिस उससे कड़ाई से पूछताछ कर रही है।
लंगड़ाते हुए थाने पहुंचा मौलाना, हाथ जोड़कर मांगी माफी
मौलाना अब्दुल्ला सलीम कासमी का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वीडियो में वह लंगड़ाते हुए पुलिस स्टेशन जा रहा है। दूसरे वीडियो में वह अपनी गलती स्वीकार कर रहा है। मौलाना ने कहा कि उसने 5 मई 2024 को भागलपुर के एक कार्यक्रम में भाषण दिया था। उसी दौरान उसके मुंह से सीएम की माता जी के लिए गंदी बातें निकल गईं। उसने कहा कि यह बातें उसकी जुबान से नहीं निकलनी चाहिए थीं। मौलाना ने अब हाथ जोड़कर अपनी इस हरकत पर माफी मांगी है।
भविष्य में ऐसी गलती नहीं करने का दिया वचन
वायरल वीडियो में मौलाना खुद को सुधारने की बात कह रहा है। उसने सभी लोगों को एक कड़ा संदेश भी दिया है। मौलाना ने कहा कि किसी को भी भाषण में ऐसी बात नहीं कहनी चाहिए। जिससे किसी व्यक्ति या धर्म को तकलीफ पहुंचे और माहौल बिगड़े। उसने अपने इस संगीन जुर्म के लिए खुलेआम माफी मांगी है। मौलाना ने कहा कि भविष्य में वह ऐसी गलती कभी नहीं करेगा। उसने सीएम योगी से भी विशेष रूप से माफी मांगी है।
यूपी एसटीएफ ने बिहार के पूर्णिया से किया गिरफ्तार
यूपी एसटीएफ ने इस मामले में त्वरित और कड़ी कार्रवाई की है। पुलिस टीम ने सोमवार शाम को मौलाना को बिहार के पूर्णिया से गिरफ्तार किया। इसके बाद एसटीएफ की टीम उसे देर रात बहराइच लेकर आई। सर्किल ऑफिसर नारायण दत्त मिश्रा ने इस मामले की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि मौलवी ने एक बेहद विवादित भाषण दिया था। यह भाषण मार्च के महीने में सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। इस भड़काऊ भाषण के बाद प्रदेश भर में भारी विरोध प्रदर्शन हुए थे।
मौलाना के खिलाफ इन गंभीर धाराओं में दर्ज हुई एफआईआर
पुलिस ने मौलवी के खिलाफ कई जिलों में केस दर्ज किया है। उसके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 196, 299 और 353 के तहत एफआईआर दर्ज हुई है। यह धाराएं दो समूहों के बीच दुश्मनी को बढ़ावा देने पर लगती हैं। इसके अलावा धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने के आरोप भी शामिल हैं। मौलाना ने अपने भाषण में गोकशी कानूनों की कड़ी आलोचना की थी। उसने सीएम योगी की मां को लेकर बेहद भद्दी भाषा का इस्तेमाल किया था।
