South Cinema News: दक्षिण भारतीय फिल्मों की जानी-मानी अभिनेत्री सुधा (हेमा सुधा) की जिंदगी किसी फिल्मी पटकथा से कम नहीं है। फर्श से अर्श और फिर वापस कंगाली का सामना करने वाली इस अभिनेत्री ने जीवन के सबसे क्रूर उतार-चढ़ाव देखे हैं। एक वक्त करोड़ों रुपये कमाने वाली सुधा का बैंक बैलेंस महज एक गलत हस्ताक्षर के कारण शून्य हो गया था। यह कहानी न केवल ग्लैमर की चकाचौंध के पीछे के अंधेरे को दिखाती है, बल्कि एक महिला के संघर्ष की मिसाल भी पेश करती है।
बचपन की अमीरी और फिर अचानक आई गरीबी
सुधा का जन्म एक बेहद संपन्न परिवार में हुआ था। उनके घर में नौकर-चाकर और लग्जरी गाड़ियों की भरमार थी। लेकिन जब सुधा सिर्फ आठ साल की थीं, तब उनके परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। एक बड़े आर्थिक संकट के कारण उनकी सारी संपत्ति बिक गई। परिवार को दाने-दाने का मोहताज होना पड़ा। हालात इतने बिगड़ गए थे कि उनकी मां को अपने कीमती गहने तक गिरवी रखने पड़े। सुधा ने बचपन से ही गरीबी का कड़वा स्वाद चख लिया था।
सिनेमा की दुनिया में सफलता का शानदार सफर
तमाम संघर्षों के बाद साल 1984 में सुधा को तमिल फिल्म ‘ओह माने माने’ में काम करने का मौका मिला। इस फिल्म ने उनकी पूरी दुनिया बदल दी और वह रातों-रात लोकप्रिय हो गईं। उन्होंने तमिल, तेलुगु, मलयालम, कन्नड़ और हिंदी सहित कई भाषाओं की 250 से ज्यादा फिल्मों में अभिनय किया। करियर के चरम पर वह फिल्म इंडस्ट्री की सबसे महंगी और सफल अभिनेत्रियों में शुमार थीं। उनकी मेहनत ने उन्हें दोबारा करोड़ों की संपत्ति का मालिक बना दिया था।
होटल बिजनेस और एक साइन ने छीनी सारी दौलत
फिल्मों से मोटी कमाई करने के बाद सुधा ने दिल्ली में एक आलीशान होटल शुरू करने का फैसला किया। शुरुआती दिनों में होटल ने अच्छा मुनाफा कमाया, लेकिन जल्द ही यह निवेश उनके लिए काल बन गया। एक पुराने साक्षात्कार में सुधा ने बताया कि महज एक कागज पर साइन करते ही उनकी मेहनत की सारी कमाई डूब गई। देखते ही देखते उनका बैंक बैलेंस जीरो हो गया। वह एक बार फिर उसी स्थिति में पहुंच गईं जहां से उन्होंने शुरुआत की थी।
धोखे और अकेलेपन के बीच फिर खड़ी की अपनी पहचान
दौलत जाने के बाद सुधा को अपनों से भी बड़ा धोखा मिला। सुधा के मुताबिक उनके पति ने उन्हें मझधार में छोड़ दिया। परिवार के सदस्यों और यहां तक कि उनके बेटे के साथ भी उनके रिश्तों में कड़वाहट आ गई। वे पूरी तरह अकेली पड़ गईं, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी। सुधा ने अपने हौसले के दम पर अभिनय की दुनिया में फिर वापसी की। आज वे साउथ फिल्मों के साथ टीवी सीरियल्स जैसे ‘नागिन’ में सक्रिय हैं और सम्मानजनक जीवन जी रही हैं।
