Maharashtra News: महाराष्ट्र के पुणे शहर में टूरिस्ट वीजा पर आए तीन अमेरिकी नागरिकों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। इन विदेशी नागरिकों को वीजा नियमों का उल्लंघन करते हुए ईसाई धर्म का प्रचार करते पकड़ा गया है। स्थानीय पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए इन तीनों नागरिकों को तुरंत प्रभाव से भारत छोड़ने का नोटिस थमा दिया है। प्रशासन ने उन्हें 10 मई तक देश से बाहर जाने का सख्त निर्देश दिया है। यह मामला वीजा शर्तों की अनदेखी कर धार्मिक गतिविधियों में शामिल होने के कारण सुर्खियों में है।
धार्मिक पर्चे बांटते हुए रंगे हाथों पकड़ा
पुलिस द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, ये अमेरिकी नागरिक सार्वजनिक स्थानों पर ईसाई धर्म से संबंधित प्रचार सामग्री और पर्चे बांटते हुए पाए गए थे। स्थानीय नागरिकों ने जब इन्हें संदिग्ध गतिविधियों में लिप्त देखा, तो तुरंत पुलिस को इसकी सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने तीनों को हिरासत में लेकर पूछताछ की। जांच में यह स्पष्ट हुआ कि ये सभी पर्यटक के रूप में भारत आए थे, लेकिन यहां आकर धार्मिक प्रचार जैसी अवैध गतिविधियों में शामिल हो गए।
तीन भाषाओं में छपी थी प्रचार सामग्री
जांच के दौरान पुलिस को इन नागरिकों के पास से भारी मात्रा में मुद्रित सामग्री बरामद हुई है। जब्त किए गए पर्चे अंग्रेजी, हिंदी और मराठी भाषाओं में छपे हुए थे, जिससे यह संकेत मिलता है कि वे स्थानीय लोगों को बड़े स्तर पर प्रभावित करने की योजना बना रहे थे। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, ये तीनों नागरिक करीब एक सप्ताह पहले मुंबई से पुणे पहुंचे थे। टूरिस्ट वीजा पर होने के कारण उन्हें किसी भी प्रकार की पेशेवर या प्रचार गतिविधियों की अनुमति नहीं थी।
स्थानीय नेटवर्क की तलाश में जुटी पुणे पुलिस
इस मामले के सामने आने के बाद पुणे पुलिस अब इसके संभावित स्थानीय लिंक की भी गहराई से जांच कर रही है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या पुणे या मुंबई में स्थित किसी स्थानीय संस्था, एनजीओ या व्यक्ति ने इन विदेशी नागरिकों की मदद की थी। इस बात की भी पड़ताल की जा रही है कि उन्हें मराठी और हिंदी में प्रचार सामग्री उपलब्ध कराने में किसका हाथ है। विदेशी नागरिकों से जुड़े इस मामले ने सुरक्षा और वीजा नियमों की सतर्कता को फिर से चर्चा में ला दिया है।


