Punjab News: पंजाब के बठिंडा शहर में इन दिनों एक शातिर महिला गिरोह ने पुलिस की नाक में दम कर रखा है। पिछले 24 घंटों के भीतर इस गिरोह ने दूसरी बड़ी वारदात को अंजाम देकर कानून-व्यवस्था की पोल खोल दी है। ताजा घटना में ई-रिक्शा सवार महिलाओं ने एक प्रवासी मजदूर को अपना शिकार बनाया। महिलाओं ने सुनसान जगह पर ले जाकर मजदूर के साथ मारपीट की और उसकी गाढ़ी कमाई लूट ली। शहर में लगातार बढ़ रही इन घटनाओं से आम जनता के बीच दहशत का माहौल है।
नीले ई-रिक्शा में बिछाया लूट का जाल
पीड़ित राम कुमार मूल रूप से बिहार का रहने वाला है और वह ट्रेन पकड़ने के लिए रेलवे स्टेशन की ओर जा रहा था। रास्ते में वह एक नीले रंग के ई-रिक्शा में सवार हुआ, जिसमें कुछ महिलाएं पहले से बैठी थीं। आरोप है कि इन महिलाओं ने उसे अपनी बातों में उलझाया और रिक्शा को एक सुनसान इलाके की तरफ मोड़ दिया। वहां पहुंचते ही महिलाओं ने मजदूर को घेर लिया और उसके साथ हाथापाई शुरू कर दी।
भीड़ देख घबराईं महिलाएं, मोबाइल फेंककर हुईं चंपत
वारदात के दौरान जब महिलाओं ने राम कुमार से 14 हजार रुपये और मोबाइल छीना, तो उसने शोर मचाना शुरू कर दिया। चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग मौके की ओर दौड़े। भारी भीड़ को अपनी ओर आता देख लुटेरी महिलाएं घबरा गईं। पकड़े जाने के डर से उन्होंने हड़बड़ाहट में मोबाइल और कुछ नकदी वहीं फेंक दी और ई-रिक्शा लेकर रफूचक्कर हो गईं। हालांकि, बाद में पीड़ित ने बताया कि उसके 6 हजार रुपये अब भी गायब हैं।
वीडियो में कैद हुआ ई-रिक्शा का नंबर, कार्रवाई का इंतजार
घटनास्थल पर मौजूद कुछ जागरूक लोगों ने भागती हुई महिलाओं और उनके ई-रिक्शा का वीडियो बना लिया है। यह वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें रिक्शा का नंबर साफ तौर पर दिखाई दे रहा है। इसके बावजूद स्थानीय पुलिस द्वारा अब तक कोई गिरफ्तारी न किए जाने से शहरवासियों में गहरा रोष है। लोगों का आरोप है कि पुलिस की सुस्ती के कारण अपराधियों के हौसले बुलंद हो रहे हैं।
24 घंटे में दूसरी वारदात, पहले भी महिला बनी थी शिकार
बठिंडा में सक्रिय यह महिला गिरोह केवल पुरुषों ही नहीं, बल्कि महिलाओं को भी निशाना बना रहा है। इससे ठीक एक दिन पहले भी इसी गिरोह ने एक महिला के साथ लूटपाट की थी, जिसकी शिकायत थाना कोतवाली में दर्ज है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह गिरोह ई-रिक्शा को हथियार की तरह इस्तेमाल कर रहा है ताकि किसी को शक न हो। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, शहर के विभिन्न हिस्सों से ऐसी ही मिलती-जुलती शिकायतें सामने आ रही हैं।
समाजसेवी संस्थाओं ने उठाई सख्त एक्शन की मांग
नौजवान वेलफेयर सोसायटी के प्रधान सोनू महेश्वरी ने इस मामले में पुलिस प्रशासन के उच्चाधिकारियों से हस्तक्षेप की मांग की है। उन्होंने कहा कि सरेआम लूट की ये घटनाएं बठिंडा की सुरक्षा पर बड़ा सवालिया निशान हैं। उन्होंने पुलिस को चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही इन महिला लुटेरों को सलाखों के पीछे नहीं भेजा गया, तो वे विरोध प्रदर्शन करेंगे। साथ ही उन्होंने यात्रियों से अपील की है कि वे अनजान ई-रिक्शा में सवार होते समय सावधानी बरतें।


