Himachal News: शिमला के संजौली इलाके में स्थित एक मशहूर चश्मा शोरूम में भारी हंगामा हो गया। हिंदू संगठन के कई कार्यकर्ताओं ने कंपनी के अंदर घुसकर अपना कड़ा विरोध जताया। प्रदर्शनकारियों ने शोरूम के सभी कर्मचारियों के माथे पर तिलक लगाया और हाथों में कलावा बांध दिया। कंपनी की नीतियों पर सनातन धर्म का अपमान करने का गंभीर आरोप लगा है। पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए इस पूरे मामले में कई हिंदू नेताओं के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज कर ली है।
हिंदू संगठनों ने लगाया कॉरपोरेट जिहाद का गंभीर आरोप
हिंदू संगठनों का आरोप है कि बड़ी कंपनियां जानबूझकर कॉरपोरेट जिहाद को बहुत बढ़ावा दे रही हैं। प्रदर्शनकारी रूप राम शर्मा ने कहा कि विदेशी निवेश के दबाव में ऐसी पक्षपातपूर्ण नीतियां बन रही हैं। महिला नेता कल्पना शर्मा ने भी इन कंपनी गाइडलाइन्स का कड़ा विरोध किया। हिंदू नेताओं का साफ कहना है कि कंपनी की यह नई पॉलिसी पूरी तरह से सनातन धर्म के खिलाफ है। उन्होंने चेतावनी दी है कि हिंदू समाज इस तरह का अपमान बिल्कुल बर्दाश्त नहीं करेगा।
सीईओ पीयूष बंसल पर बोला बहुत तीखा हमला
प्रदर्शनकारियों ने शोरूम के अंदर जय श्रीराम के जोरदार नारे लगाए। हिंदू नेता महेश्वर शर्मा ने कंपनी के सीईओ पीयूष बंसल पर बहुत तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि प्रबंधन ने पैसों के लिए अपना पूरा ईमान बेच दिया है। प्रदर्शनकारियों ने सवाल उठाया कि क्या उनके घरों में महिलाएं सिंदूर नहीं लगाती हैं। उन्होंने इसे कर्मचारियों के मौलिक अधिकारों का सीधा हनन बताया। नेताओं ने राज्य सरकार से ऐसी कंपनियों पर तुरंत कड़ी कार्रवाई करने की जोरदार मांग की है।
संजौली पुलिस ने दर्ज की गंभीर धाराओं में एफआईआर
हंगामे के बाद पुलिस प्रशासन भी पूरी तरह से हरकत में आ गया है। शिमला के संजौली पुलिस थाने में देव भूमि संघर्ष समिति के कई पदाधिकारियों पर केस दर्ज हुआ है। शिकायत में मदन ठाकुर, कल्पना शर्मा और पंद्रह अन्य लोगों को मुख्य आरोपी बनाया गया है। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 299, 302, 333 और 3(5) के तहत यह मामला दर्ज किया है। इन सभी पर धार्मिक उन्माद फैलाने और बिना अनुमति शोरूम में घुसने का बड़ा आरोप लगा है।
