Shimla News: मशहूर चश्मा कंपनी लेंस्कार्ट का ‘तिलक’ विवाद अब हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला तक पहुंच गया है। संजौली क्षेत्र में स्थित कंपनी के शोरूम में हिंदू संगठनों ने जमकर विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने शोरूम के अंदर हनुमान चालीसा का मजबूत पाठ किया। इसके साथ ही उन्होंने वहां काम करने वाले कर्मचारियों के माथे पर तिलक लगाया और उनके हाथों में कलावा भी बांधा। इस पूरी घटना के दौरान इलाके में काफी समय तक तनाव का माहौल बना रहा।
तिलक लगाने पर रोक और बुर्के की छूट पर भड़के लोग
हिंदू संगठन के पदाधिकारी विजय शर्मा ने कंपनी प्रबंधन पर अत्यंत गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि शोरूम चेन के मालिक हिंदू कर्मचारियों को माथे पर तिलक लगाने से रोकते हैं। कंपनी उन्हें अपने धार्मिक प्रतीकों का पालन करने की अनुमति बिल्कुल नहीं देती है। दूसरी तरफ, महिला कर्मचारियों को बुर्का पहनने पर किसी भी प्रकार की रोक नहीं है। संगठन के सदस्यों ने इसे हिंदू धर्म का भारी अपमान बताया है और इसी दोहरे रवैये के खिलाफ यह कदम उठाया है।
सभी धर्मों का समान सम्मान करने की उठी मांग
प्रदर्शन कर रहे कार्यकर्ताओं ने स्पष्ट रूप से कहा कि हर संस्थान में सभी धर्मों का एक समान सम्मान होना चाहिए। किसी भी कर्मचारी को उसकी धार्मिक आस्था व्यक्त करने से रोकना पूरी तरह से गलत है। हिंदू संगठनों ने शोरूम प्रबंधन से इस संवेदनशील मामले में एक स्पष्ट और निष्पक्ष नीति लागू करने की जोरदार मांग की है। विरोध प्रदर्शन के दौरान कुछ देर के लिए स्थिति तनावपूर्ण जरूर हुई, लेकिन पुलिस की सतर्क मौजूदगी में माहौल पूरी तरह शांतिपूर्ण बना रहा।
मुंबई से शुरू हुई थी तिलक और बुर्के की बहस
लेंस्कार्ट से जुड़ा यह पूरा धार्मिक विवाद कुछ दिन पहले देश की आर्थिक राजधानी मुंबई से शुरू हुआ था। वहां भी कंपनी पर कर्मचारियों को तिलक लगाने से रोकने का आरोप लगा था। इसके बाद भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा की नेता एडवोकेट नाजिया इलाही खान ने शोरूम में जाकर हिंदू कर्मचारियों को तिलक लगाया था। उन्होंने कर्मचारियों के हाथों में कलावा भी बांधा था। अब यही विवाद देश के अन्य राज्यों में भी बहुत तेजी से तूल पकड़ता जा रहा है।
