Himachal News: हिमाचल प्रदेश के गोपालपुर क्षेत्र में हुए छात्रा हत्याकांड ने सबको झकझोर दिया है। बैंजी गांव की उन्नीस वर्षीय सिया की हत्या से इलाके में भारी रोष है। इस जघन्य वारदात ने एक हंसते-खेलते परिवार को उजाड़ दिया है। अपनी जवान बेटी को खोने के बाद माता-पिता गहरे सदमे में हैं। उन्होंने सरकार और समाज से न्याय की गुहार लगाई है। पीड़ित परिवार ने इस दर्दनाक घटना के पीछे बढ़ते नशे को सबसे बड़ी वजह बताया है।
नशे के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग
सिया के पिता जोगेंद्र सिंह और माता रक्षा देवी ने सरकार से कड़ी कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने कहा कि युवाओं में बढ़ता नशा ऐसे भयानक अपराधों का मुख्य कारण है। इस नशे की लत को जड़ से खत्म करना बेहद जरूरी है। माता-पिता ने कहा कि उनकी बेटी के साथ जो अमानवीय कृत्य हुआ, वह किसी और के साथ न हो। उन्होंने नशे के सौदागरों और अपराधियों पर तुरंत नकेल कसने की भावुक अपील की है।
आखिरी सांस तक लड़ेंगे न्याय की लड़ाई
पीड़ित परिवार ने स्पष्ट किया है कि वे बेटी को न्याय दिलाने के लिए हर स्तर पर लड़ेंगे। माता रक्षा देवी ने नम आंखों से समाज से इस संघर्ष में साथ देने की अपील की। उन्होंने कहा कि हम तब तक चुप नहीं बैठेंगे जब तक दोषियों को कड़ी सजा नहीं मिल जाती। यह लड़ाई सिर्फ उनकी बेटी सिया के लिए नहीं है। यह समाज की हर बेटी की सुरक्षा और उसके सम्मान की एक बहुत बड़ी लड़ाई है।
बद्दी में काम करते हैं सिया के पिता
सिया के पिता जोगेंद्र सिंह बद्दी में ट्रक चालक के रूप में काम करते हैं। वे दिन-रात मेहनत करके अपने परिवार का पालन-पोषण कर रहे थे। सोमवार शाम को नेरचौक मेडिकल कॉलेज में उनकी मुलाकात पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से हुई। इस दौरान वे अपनी बेटी को याद करके बुरी तरह से रो पड़े। उन्होंने बताया कि घटना वाले दिन उन्होंने सिया के बैंक खाते में पैसे भेजे थे। वह अपनी बेटी की हर छोटी-बड़ी जरूरत पूरी करते थे।
उस एक फोन कॉल ने छीन ली सारी खुशियां
पैसे भेजने के बाद जोगेंद्र सिंह ने घर पर फोन किया था। वे जानना चाहते थे कि बेटी को पैसे मिले या नहीं। फोन उठते ही दूसरी तरफ से एक घबराई हुई आवाज आई। आवाज ने कहा कि जल्दी घर आ जाओ, हमारी सिया को काट दिया है। यह खौफनाक बात सुनकर पिता सन्न रह गए। उन्हें यकीन ही नहीं हुआ कि कुछ देर पहले जिस बेटी से बात हुई, वह अब नहीं रही।
