India News: इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) के 19वें सीजन में इन दिनों रनों का सैलाब आया हुआ है। ‘इम्पैक्ट प्लेयर’ नियम ने बल्लेबाजों को इतना निडर बना दिया है कि अब हर मैच में 200 रनों का आंकड़ा पार करना एक सामान्य बात हो गई है। जिस तरह से चौके-छक्कों की बरसात हो रही है, उसे देखकर लगता है कि स्कोरबोर्ड पर 300 रन दिखने वाला दिन अब ज्यादा दूर नहीं है। इस विस्फोटक दौर में जहां गेंदबाजों की जमकर धुनाई हो रही है, वहीं आईपीएल इतिहास के कुछ ऐसे “कंजूस” गेंदबाज भी रहे हैं जिन्होंने रन लुटाने के मामले में टेस्ट मैच जैसी इकोनॉमी बनाए रखी।
बल्लेबाजों के दबदबे के बीच गेंदबाजों की चुनौती
फटाफट क्रिकेट के इस दौर में फैंस केवल उसी मैच का लुत्फ उठाते हैं जहां गेंद बाउंड्री के बाहर ज्यादा दिखाई देती है। आज के समय में अगर कोई गेंदबाज 8 या 9 की इकोनॉमी से रन देता है, तो माना जाता है कि उसने अच्छी गेंदबाजी की है। हालांकि, आईपीएल के इतिहास में कुछ ऐसे दिग्गज हुए हैं जिन्होंने बल्लेबाजों को हाथ खोलने का मौका तक नहीं दिया। इन गेंदबाजों ने कम से कम 50 ओवर गेंदबाजी करने की शर्त के साथ सबसे कम रन खर्च करने का अनोखा कीर्तिमान स्थापित किया है।
अनिल कुंबले: आईपीएल इतिहास के सबसे ‘कंजूस’ गेंदबाज
आईपीएल में सबसे किफायती गेंदबाजी करने का गौरव पूर्व भारतीय कप्तान और दिग्गज स्पिनर अनिल कुंबले के नाम है। रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) के पूर्व कप्तान कुंबले ने इस लीग में अपनी फिरकी से बड़े-बड़े बल्लेबाजों को बांधे रखा। उन्होंने अपने आईपीएल करियर में कुल 42 मैच खेले और महज 6.58 की बेहतरीन इकोनॉमी रेट से रन दिए। इस दौरान कुंबले ने 45 विकेट झटके, जिसमें मात्र 5 रन देकर 5 विकेट लेना उनका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन रहा। वह इस सूची में शीर्ष स्थान पर काबिज एकमात्र भारतीय हैं।
ग्लेन मैकग्रा और मुरलीधरन की धारदार गेंदबाजी
इस खास लिस्ट में दूसरे स्थान पर ऑस्ट्रेलिया के महान तेज गेंदबाज ग्लेन मैकग्रा का नाम आता है। मैकग्रा ने केवल 14 मैचों में अपनी सटीक लाइन-लेंथ के दम पर 6.61 की इकोनॉमी से रन खर्च किए। वहीं, श्रीलंका के जादुई स्पिनर मुथैया मुरलीधरन तीसरे पायदान पर हैं। मुरलीधरन ने आईपीएल में 66 मैच खेलते हुए 6.63 की इकोनॉमी रेट से 63 बल्लेबाजों को अपना शिकार बनाया। इन दोनों दिग्गजों ने साबित किया कि टी20 क्रिकेट में भी अनुशासन से रनों पर लगाम लगाई जा सकती है।
टॉप-5 में विदेशी स्पिनरों का जलवा
आईपीएल के सबसे किफायती गेंदबाजों की सूची में चौथे और पांचवें स्थान पर भी विदेशी खिलाड़ियों का कब्जा है। दक्षिण अफ्रीका के रोएलॉफ वैन डेर मेरवे ने 21 मैचों में 6.74 की इकोनॉमी से गेंदबाजी की और 21 विकेट चटकाए। उनके बाद न्यूजीलैंड के पूर्व कप्तान और बाएं हाथ के स्पिनर डेनियल विटोरी का नंबर आता है। विटोरी ने 34 मैचों में 6.78 की इकोनॉमी रेट के साथ 28 विकेट हासिल किए। इन गेंदबाजों की सफलता का राज उनकी चतुराई और गति में बदलाव करने की कला रही है।
बदलते दौर में क्या टूटेगा कुंबले का रिकॉर्ड?
आज के 19वें सीजन में जिस तरह से बल्लेबाजों का बोलबाला है, उसे देखते हुए अनिल कुंबले के 6.58 की इकोनॉमी के रिकॉर्ड को तोड़ना नामुमकिन सा लगता है। आधुनिक क्रिकेट में छोटे मैदान और भारी बल्ले गेंदबाजों के लिए बड़ी मुसीबत बन गए हैं। जहां आज के गेंदबाज अपनी इकोनॉमी बचाने के लिए संघर्ष कर रहे हैं, वहीं कुंबले और विटोरी जैसे खिलाड़ियों के आंकड़े आज भी युवा गेंदबाजों के लिए एक बड़ी प्रेरणा हैं। यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या मौजूदा दौर का कोई गेंदबाज इस विशिष्ट क्लब में अपनी जगह बना पाएगा।

