Himachal News: हिमाचल प्रदेश के वाहन चालकों के लिए एक बहुत बड़ी और अच्छी खबर है। अब गाड़ियों की पासिंग के लिए आपको लंबी लाइनों में धक्के नहीं खाने पड़ेंगे। केंद्र सरकार ने राज्य में सात नए स्वचालित परीक्षण केंद्र (एटीएस) खोलने की मंजूरी दे दी है। इसके साथ ही विधानसभा में जल शक्ति विभाग की रुकी हुई भर्तियों और करुणामूलक नौकरियों को लेकर भी अहम जानकारी सामने आई है।
कहां खुलेंगे नए टेस्टिंग सेंटर?
उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने विधानसभा में यह जरूरी जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि प्रदेश में सात नए एटीएस स्थापित किए जाएंगे। इनमें से पांच निजी और दो सरकारी केंद्र होंगे। कांगड़ा, मंडी, बिलासपुर, नालागढ़ और पांवटा साहिब में निजी सेंटर बनेंगे। वहीं हरोली और नादौन में सरकारी परीक्षण केंद्र बनाए जाएंगे। इन आधुनिक केंद्रों में सिर्फ पांच से दस मिनट में वाहन की जांच पूरी हो जाएगी। आम जनता घर बैठे ऑनलाइन स्लॉट भी बुक कर सकेगी।
केंद्र सरकार ने दिया 100 करोड़ का इनाम
विधायक केवल सिंह पठानिया ने कांगड़ा में ट्रैफिक जाम और लंबी लाइनों का मुद्दा सदन में उठाया था। इसके जवाब में सरकार ने नए सेंटरों का पूरा भरोसा दिया। उपमुख्यमंत्री ने बताया कि केंद्र सरकार ने हिमाचल के प्रयासों की काफी तारीफ की है। राज्य को 100 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि दी गई है। एटीएस बनाने के लिए 6.75 करोड़ रुपये पहले ही मिल चुके हैं। जल्द ही 27.73 करोड़ रुपये की एक और बड़ी किस्त मिलने वाली है।
खराब गाड़ियों ने ली 789 लोगों की जान
हिमाचल प्रदेश में वाहनों की संख्या बहुत तेजी से बढ़ रही है। साल 1990-91 में सूबे में मात्र 67 हजार वाहन थे। आज यह आंकड़ा बढ़कर 24 लाख 82 हजार को पार कर गया है। साल 2025 में प्रदेश में 1,923 सड़क दुर्घटनाएं दर्ज हुईं। इन दर्दनाक हादसों में 789 लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ी। इन दुर्घटनाओं का एक बड़ा कारण खराब और अनफिट गाड़ियां हैं। 18 मार्च 2026 तक इन आधुनिक केंद्रों ने 572 गाड़ियों को फिट और 6 को अनफिट घोषित किया है।
जल शक्ति विभाग में बंपर भर्तियों की तैयारी
सदन में सरकारी नौकरियों को लेकर भी स्थिति पूरी तरह साफ की गई। जल शक्ति विभाग में कनिष्ठ अभियंता (जेई) के 325 पद खाली पड़े हैं। सरकार ने इन खाली पदों को भरने की प्रक्रिया तेज कर दी है।
- विभाग में 302 पद सिविल, 9 मैकेनिकल और 14 इलेक्ट्रिकल श्रेणी के खाली हैं।
- सिविल विंग के 116 पदों को सीधी भर्ती के माध्यम से भरा जाएगा।
- इसके लिए फरवरी महीने में ही भर्ती निदेशालय को मांग भेज दी गई है।
- भूतपूर्व सैनिकों के आश्रितों के लिए भी दो पद आरक्षित रखे गए हैं।
करुणामूलक नौकरियों के लिए आय सीमा बढ़ी
करुणामूलक आधार पर नौकरी चाहने वालों को भी सरकार ने बड़ी राहत दी है। प्रदेश के विभिन्न विभागों में 852 ऐसे मामले लंबित पड़े हैं। सरकार ने 8 अक्टूबर 2025 से इन मामलों में आय सीमा में बड़ी छूट दी है। अब करुणामूलक नौकरी के लिए परिवार की वार्षिक आय सीमा 2.5 लाख से बढ़ाकर 3 लाख रुपये कर दी गई है।

