Himachal News: हिमाचल प्रदेश के बिजली उपभोक्ताओं के लिए एक बड़ी राहत की खबर है। सुक्खू सरकार ने बिजली पर मिलने वाली सब्सिडी फिर से बहाल कर दी है। अब एक सौ छब्बीस से तीन सौ यूनिट तक बिजली खर्च करने वालों को इसका सीधा फायदा मिलेगा। सरकार ने एक रुपये बहत्तर पैसे प्रति यूनिट की सब्सिडी देने का फैसला किया है। इस संबंध में बिजली बोर्ड को जरूरी निर्देश जारी कर दिए गए हैं।
मुख्यमंत्री सुक्खू ने लिया संज्ञान
कुछ दिन पहले प्रदेश सरकार ने इस सब्सिडी को बंद करने का आदेश दिया था। मीडिया में खबरें आने के बाद मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने तुरंत संज्ञान लिया। उन्होंने बीते शनिवार को ऊर्जा विभाग के अधिकारियों के साथ एक अहम बैठक की। इसी बैठक में सब्सिडी को तुरंत बहाल करने का निर्णय लिया गया। सरकार ने जनभावनाओं का सम्मान करते हुए अपने फैसले को फौरन बदल दिया है।
पांच दिन पहले बंद हुई सब्सिडी
सरकार ने महज पांच दिन पहले आदेश जारी कर यह सब्सिडी खत्म कर दी थी। उस आदेश के बाद अधिक बिजली खपत करने वालों पर आर्थिक बोझ बढ़ गया था। उपभोक्ताओं को पांच रुपये नवासी पैसे प्रति यूनिट की दर से बिल चुकाना पड़ रहा था। आम जनता इस फैसले से काफी परेशान और नाराज चल रही थी। अब नई व्यवस्था लागू होने से उपभोक्ताओं को बढ़ी हुई दरों से राहत मिल जाएगी।
दो से ज्यादा मीटर वालों को शर्त
सरकार ने नई नीति में कुछ सख्त नियम भी तय किए हैं। जिन घरेलू उपभोक्ताओं के पास दो से अधिक बिजली मीटर हैं उन्हें सब्सिडी नहीं मिलेगी। ऐसे उपभोक्ताओं को पांच रुपये नवासी पैसे प्रति यूनिट की दर ही चुकानी होगी। सरकार ने साफ किया है कि एक राशन कार्ड पर दो मीटरों पर ही लाभ मिलेगा। यह कदम सब्सिडी का गलत फायदा उठाने वाले लोगों को रोकने के लिए उठाया गया है।
एक सौ पच्चीस यूनिट तक बिजली मुफ्त
राज्य में अभी भी एक सौ पच्चीस यूनिट तक बिजली पूरी तरह मुफ्त है। लाभ उठाने के लिए उपभोक्ताओं को बिजली मीटर राशन कार्ड से लिंक करना होगा। सरकार ने स्पष्ट किया है कि केवल दो घरेलू मीटरों पर ही यह सुविधा मिलेगी। इस योजना से गरीब और मध्यम वर्ग को हर महीने अच्छी बचत हो रही है। ऊर्जा विभाग ने बिलिंग सिस्टम को इसी नई व्यवस्था के अनुसार अपडेट कर दिया है।
अति गरीब परिवारों को विशेष रियायत
राज्य सरकार ने प्रदेश के अति गरीब परिवारों के लिए एक अलग योजना बनाई है। लगभग एक लाख गरीब परिवारों को प्रतिमाह तीन सौ यूनिट तक मुफ्त बिजली मिलेगी। इन विशेष परिवारों को विभाग की तरफ से हमेशा जीरो बिल जारी किया जाएगा। इन पर मीटर टैक्स या अन्य कोई अतिरिक्त चार्ज भी नहीं लगाया जाएगा। संबंधित विभाग इन पात्र परिवारों की सूची तैयार करके बिजली बोर्ड को सौंप रहा है।
किसानों के लिए भी जारी रहेगी सब्सिडी
घरेलू उपभोक्ताओं के साथ सरकार ने किसानों का भी पूरा ध्यान रखा है। कृषि उपभोक्ताओं के लिए बिजली की दरों पर सब्सिडी पहले की तरह जारी रहेगी। बीस केवीए तक के कनेक्शन पर किसानों को चार रुपये तिहत्तर पैसे की सब्सिडी मिलेगी। इससे किसानों के लिए बिजली की प्रभावी दर मात्र तीस पैसे प्रति यूनिट रह जाएगी। हालांकि इन उपभोक्ताओं से विभाग एक सौ पांच रुपये प्रति माह का फिक्स्ड चार्ज वसूलेगा।
बिलिंग सॉफ्टवेयर में किया जा रहा बदलाव
सब्सिडी बहाली के इस नए आदेश को लागू करने के लिए बिजली बोर्ड तैयार है। बोर्ड अपने बिलिंग सॉफ्टवेयर में जरूरी तकनीकी बदलाव तेजी से कर रहा है। जिन उपभोक्ताओं को बिना सब्सिडी के बिल जारी हो गए थे उन्हें भी राहत मिलेगी। उनके बिलों में अगले महीने अतिरिक्त राशि को पूरी तरह से एडजस्ट किया जाएगा। अधिकारियों ने सभी कर्मचारियों को नई दरों के हिसाब से बिल बनाने के निर्देश दिए हैं।
गर्मी के मौसम में मिलेगी बड़ी राहत
गर्मी का मौसम आते ही राज्य में बिजली की खपत बढ़ने लगती है। पंखे चलने से अक्सर बिजली का बिल तीन सौ यूनिट के पार जाता है। ऐसे में सब्सिडी बहाल होने से मध्यम वर्गीय परिवारों के बजट को सहारा मिलेगा। सरकार का यह फैसला आम जनता के लिए एक बड़ी जीत माना जा रहा है। बिजली बोर्ड अब सुचारू आपूर्ति सुनिश्चित करने पर अपना पूरा ध्यान केंद्रित कर रहा है।


