Share Market News: वैश्विक युद्ध की आहट ने भारतीय शेयर बाजार में भारी कोहराम मचा दिया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान पर भयंकर हमले की चेतावनी दी है। इस एक बयान से निवेशकों में जबर्दस्त दहशत फैल गई है। गुरुवार सुबह बाजार खुलते ही सेंसेक्स और निफ्टी ताश के पत्तों की तरह ढह गए। सेंसेक्स 1400 अंकों से ज्यादा लुढ़क गया। निफ्टी में भी बड़ी गिरावट दर्ज की गई। शेयर बाजार में हर तरफ लाल निशान हावी हो गया है।
ईरान पर हमले की चेतावनी से डरे निवेशक
डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान पर बहुत जोरदार हमले की खुली चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि अमेरिका दो से तीन हफ्तों में ईरान को पाषाण युग में भेज देगा। ईरान के तेल ठिकाने भी अमेरिका के सीधे निशाने पर हैं। हालांकि ट्रंप ने कूटनीतिक रास्ते खुले होने की बात जरूर कही। लेकिन इस बयान ने दुनिया भर के बाजारों में खौफ पैदा कर दिया है। इसी डर के कारण भारतीय बाजार में भारी बिकवाली शुरू हो गई है।
सेंसेक्स और निफ्टी में आया भारी भूचाल
गुरुवार सुबह 9:27 बजे तक शेयर बाजार का हाल बेहाल था। सेंसेक्स और निफ्टी में भारी गिरावट देखने को मिली।
- S&P BSE सेंसेक्स 1,401.01 अंक टूटकर 71,733.32 पर आ गया।
- NSE Nifty50 439.55 अंक गिरकर 22,239.85 पर पहुंच गया।
- HCL Technologies को छोड़कर लगभग सभी प्रमुख शेयर लाल निशान में रहे।
इन बड़ी कंपनियों के शेयरों में हुआ भारी नुकसान
बाजार में चौतरफा बिकवाली से कई दिग्गज कंपनियों के शेयर टूट गए।
- Sun Pharma के शेयर सबसे ज्यादा 4.52% तक गिर गए।
- Indigo के शेयरों में 3.93% की बड़ी गिरावट दर्ज की गई।
- Adani Ports के शेयर 3.52% नीचे लुढ़क गए।
- NTPC और Eternal Ltd में भी 3% से ज्यादा की भारी गिरावट आई।
कच्चा तेल उछला और रुपये पर बढ़ा भारी दबाव
जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के रणनीतिकार डॉ. वी.के. विजयकुमार ने अहम जानकारी दी। ट्रंप के बयान के बाद ब्रेंट क्रूड ऑयल 5% उछलकर 105 डॉलर पर पहुंच गया है। विदेशी निवेशकों (FPI) ने 1 अप्रैल को 8331 करोड़ रुपये की भारी बिकवाली की है। महंगे कच्चे तेल और विदेशी पैसे की तेजी से निकासी के कारण भारतीय रुपया लगातार टूट रहा है। आरबीआई की तमाम कोशिशों के बावजूद रुपये पर दबाव कम नहीं हो रहा है।
बाजार के लिए आगे क्या है उम्मीद?
बाजार के जानकारों का कहना है कि डोनाल्ड ट्रंप अक्सर अपने बयान बदलते रहते हैं। इसलिए हमले की बात पूरी तरह सच साबित न हो, ऐसी उम्मीद है। इसके अलावा मार्च महीने के ऑटो सेक्टर के आंकड़े बहुत शानदार आए हैं। ये मजबूत आंकड़े बाजार को और ज्यादा गिरने से बचा सकते हैं। ऑटो शेयर इस मुश्किल वक्त में बाजार के लिए एक मजबूत ढाल का काम कर सकते हैं।

